सांभर झील क्षेत्र में अवैध कब्जे को लेकर कोई मुकदमा दर्ज नहीं: परसादीलाल मीणा

सांभर झील से निजी नमक उत्पादकों द्वारा अवैध रुप से पानी चोरी कर कितना चूना लगाया जा रहा है इसका सरकार के पास कोई आकलन नहीं है.

सांभर झील क्षेत्र में अवैध कब्जे को लेकर कोई मुकदमा दर्ज नहीं: परसादीलाल मीणा
प्रतीकात्मक तस्वीर

जयपुर: सांभर झील से निजी नमक उत्पादकों द्वारा अवैध रुप से पानी चोरी कर कितना चूना लगाया जा रहा है इसका सरकार के पास कोई आकलन नहीं है. सोमवार को विधानसभा में एक प्रश्न के जवाब में उद्योग मंत्री परसादीलाल मीणा ने यह बात कही. 

प्रश्नकाल में विधायक निर्मल कुमावत के सवाल का जवाब देते हुए उद्योग मंत्री ने कहा कि निजी नमक उत्पादकों द्वारा अवैध कब्जे करने और चोरी से पानी का दोहन किए जाने के सम्बन्ध में कोई मुकदमा दर्ज नहीं करवाया गया है. उन्होंने कहा कि नमक उत्पादन पर राज्य सरकार द्वारा कोई टैक्स वसूल नहीं किया जाता है इसलिए अवैध नमक के उत्पादन से राज्य सरकार को राजस्व की कोई हानि नहीं हुई है. 

सांभर साल्ट्स लिमिटेड पर भारत सरकार का नियंत्रण है और वह इसे राज्य सरकार को देने को तैयार है, लेकिन राज्य सरकार इसे लेगी या नहीं इस पर जल्द ही निर्णय किया जाएगा. उद्योग मंत्री ने यह भी कहा कि सांभर साल्ट्स लिमिटेड से राज्य सरकार को किराए के रुप में साढे पांच लाख रुपए हर साल प्राप्त होते हैं. इसके निरन्तर घाटे में चलने के चलते राज्य सरकार को कोई लाभांश प्राप्त नहीं हुआ है. 

मंत्री ने कहा कि निजी नमक उत्पादकों द्वारा अवैध कब्जे करने और चोरी कर पानी का दोहन किये जाने के संबंध में समय-समय पर सांभर साल्ट लिमिटेड, विद्युत विभाग,जिला प्रशासन और पुलिस विभाग की मदद से निरंतर कार्यवाही की जा रही है.