जयपुर: सरकार ने खोले दो-दो नए थाने पर नहीं दिए संसाधन

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इस साल बजट में दो नए थाने शुरू करने की घोषणा की. नए थानों की घोषणा हुए छह महीने हो गए, वहीं थानों के गठन की अधिसूचना भी दो महीने पहले जारी हो गई. बावजूद इसके थानों की अभी तक शुरूआत नहीं हुई.

जयपुर: सरकार ने खोले दो-दो नए थाने पर नहीं दिए संसाधन
नए थाने रामनगरिया का क्षेत्र के आसपास वर्तमान में कोई पुलिस चौकी नहीं है.

विष्णु शर्मा, जयपुर: बढ़ते अपराध और बिगड़ती कानून व्यवस्था को देखते हुए राजधानी के सांगानेर क्षेत्र में दो नए थाने खोल दिए लेकिन संसाधनों के अभाव में अभी तक काम शुरू नहीं हो पाया. थानों के लिए भवन, वाहन और स्टाफ भी अभी तय नहीं किया गया, जिससे लोगों को राहत मिलने में देरी हो रही है. 

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इस साल बजट में दो नए थाने शुरू करने की घोषणा की. नए थानों की घोषणा हुए छह महीने हो गए, वहीं थानों के गठन की अधिसूचना भी दो महीने पहले जारी हो गई. बावजूद इसके थानों की अभी तक शुरूआत नहीं हुई. इसका कारण अभी तक थानों के लिए किराए के भवन चिह्नित किए जा रहे हैं. वहीं थानों में स्टाफ और संसाधन का प्रस्ताव भी वित्त विभाग में बकाया चल रहा है. ऐसे में लोगों को राहत के लिए और इंतजार करना पड़ेगा. 

रामनगरिया और मालपुरा गेट के गठन का कार्ड 
- 11 जुलाई को मुख्यमंत्री ने की दोनों नए थानों की घोषणा
- आईजी पुनर्गठन 25 सितंबर 2019 ने दिया संसाधनों का प्रस्ताव
- 17 अक्टूबर 2019 को जारी हुई थानों के गठन की अधिसूचना
-  पुलिस मुख्यालय ने 18 नवंबर को फिर भेजा प्रस्ताव 

पीएचक्यू ने ये मांगें संसाधन 
- प्रत्येक थाने के लिए एक जीप- खर्च 12 लाख
- एक-एक चेतक वाहन - खर्च 15 लाख
- पांच-पांच मोटरसाइिकल - खर्च 6 लाख रुपये
- एक-एक बैंच- खर्च 16 हजार रुपये
- कम्प्यूटर, सामान्य प्रिंटर, स्कैनर - खर्च 12 लाख
- एक-एक वायरलैस- खर्च 1.20 लाख
- फोटो कॉपीयर- खर्च - 2 लाख
- टेलीफोन इंटरनेट- खर्च- दस हजार
- वायरलैस हैंड सेट- खर्च- दो लाख 40 हजार
- प्रत्येक थाना भवन के लिए ढाई करोड़ रुपये

मालपुरा थाना क्षेत्र अति संवेदनशील
राजधानी जयपुर के सांगानेर थाने हर साल सबसे ज्यादा मुकदमे दर्ज हो रहे हैं.  मालपुरा गेट सांगानेर का महत्वपूर्ण घटक है. दो समुदायों की भारी आबादी, यहां कागजी-गैर कागजी के वर्चस्व को लेकर तनाव और झगड़े की स्थिति उत्पन्न होती रही है. क्षेत्र में जैन मंदिर, जगन्नाथ मंदिर, अन्य महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल, जिससे आए दिन शोभायात्रा और अन्य आयोजन होते रहते हैं. ऐसे में सांप्रदायिक सद्भाव बनाए रखना चुनौती होगा. थाने का क्षेत्र खटीकों की ढाल सांप्रदायिक दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील है. 

मालपुरा गेट थाना क्षेत्र में अपराध गणित 
- मालपुरा गेट क्षेत्र में 3 वर्षों के दौरान अपराध बढ़े
- वर्ष 2016 में 621, वर्ष 2017 में 563, तथा  वर्ष 2018 में 705 मामले दर्ज हुए
- वर्तमान पुलिस चौकी मालपुरा गेट में एक एसआई, दो हेड कांस्टेबल सहित 7 पद हैं
- वर्तमान पदों को कम करते हुए एक सीआई, चार एसआई, चार हैडकांस्टेबल, कांस्टेबल सहित 53 पद मांगे

20 किमी दायर में होगा रामनगरिया थाना 
दूसरे नए थाने रामनगरिया का क्षेत्र के आसपास वर्तमान में कोई पुलिस चौकी नहीं है. नए थाने की वर्तमान जनसंख्या 3 लाख है, वहीं नवसृजित थाने का इलाका लगभग 20 किमी के दायरे में है. इस क्षेत्र में प्रतिष्ठित कॉलेज, नई कॉलोनी और ग्रामीण प्रवेश शामिल है. विकसित कॉलोनियों में रिटायर्ड जज, अधिकारी रहते हैं. शहरी और ग्रामीण आबादी होने की व्यवस्था होने की कारण संवेदनशील होने से कानून व्यवस्था की दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्र है. 

राम नगरिया में 3 साल अपराध का हाल
- वर्ष 2016 में 565, वर्ष 2017में  416, वर्ष 2018 में 522 तथा जून 2019 तक 267 मामले दर्ज हुए
- थाने के लिए एक इंस्पेक्टर, 5 सब इंस्पेक्टर, 8 हेडकांस्टेबल, 40 कॉस्टेबल सहित 60 का स्टाफ चाहिए.

क्या है अधिकारियों का कहना
सरकार को थानों के लिए संसाधन का प्रस्ताव भेजा है. सरकार के स्तर पर बात हुई है, संसाधन की स्वीकृति जल्द ही मिलने की संभावना है. इसके बाद थानों में विधिवत रूप से काम शुरू हो जाएगा.