Coronavirus: अलवर के अस्पतालों में अचानक बढ़ी मरीजों की संख्या, 11 संदिग्धों को रिपोर्ट निगेटिव

अलवर जिले में कोरोना को लेकर जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह निगरानी रखे हुए हैं. 

Coronavirus: अलवर के अस्पतालों में अचानक बढ़ी मरीजों की संख्या, 11 संदिग्धों को रिपोर्ट निगेटिव
अलवर जिले में कोरोना को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह नजर बनाए हुए है.

जुगल गांधी, अलवर: जिले के अस्पतालों में इन दिनों लगातार मरीजों की संख्या में इजाफा देखा जा रहा है. इस समय बुखार, खांसी और जुकाम होते ही कोरोना के भय भी लोग अस्पताल पहुंच रहे हैं. इन दिनों अलवर के राजकीय सामान्य चिकित्सालय में डेढ़ हजार से ज्यादा की ओपीडी चल रही है.

अलवर जिले में कोरोना को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह नजर बनाए हुए है. यहां अब तक ग्यारह संदिग्ध कोरोना वायरस के लक्षण पाए मरीजों की जांच रिपोर्ट नेगेटिव आई है.

अलवर जिले में कोरोना को लेकर जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह निगरानी रखे हुए हैं. इसके अलवर में अब तक भर्ती ग्यारह संदिग्ध मरीजों की आई नेगेटिव रिपोर्ट से प्रशासन ने राहत की सांस ली है. यहां संदिग्ध मरीजों की जांच और भर्ती किए जाने के लिए अलग से कोरोना वार्ड बनाया गया है, जिसमें छह कमरे आइसोलेटेडमय वेंटिलेटर के बनाए गए हैं, जहां सभी तरह की जांच की जा रही है.

बाहर से आए लोगों की हो रही कड़ी मॉनिटरिंग 
जिले में विदेश भ्रमण कर आए करीब 20 से ज्यादा लोगों को होम आइसोलेशन में रहने के निर्देश दिए गए हैं, जिसमें नीमराना से आठ, तिजारा से सात, अलवर शहर से चार और खेड़ली से दो भारतीय विदेश से लौट कर आए उनकी स्क्रीनिंग कर उन्हें चिकित्सकीय निगरानी में 28 दिन के लिए होम आइसोलेशन में रखा गया है. उसके बाद उनमें अगर किसी प्रकार का संक्रमण नहीं मिलता है तो उन्हें कहीं भी आने-जाने के लिए फ्री कर दिया जाएगा. इस संदर्भ में जिला कलेक्टर लगातार अधिकारियों से जिम्मेदारी से ड्यूटी निभाने के लिए मॉनिटरिंग कर रहे हैं. एहतियातन तौर पर प्रदेश सरकार के निर्देश पर जिले के सभी सरकारी गैर सरकारी स्कूल, कोचिंग और जिम की पूरी तरह छुट्टी कर दी गई है. साथ भीड़-भाड़ वाले इलाकों से दूर रहने की सलाह दी जा रही है.

फैलाई जाएगी जागरुकता
जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग द्वारा जिले में कोरोना वायरस से लड़ने के लिए जिले में करीब सात हजार कर्मचारी, अधिकारियों को प्रशिक्षण देकर मैदान में उतारने की तैयारी कर ली है. इसमें सभी आशाओं, एएनएम, एलएचवी, स्टाफ़ नर्स, पीएचएस, एमओआईसी, बीपीएम, बीसीएमओ सहित नर्सिंग स्टाफ को ट्रेनिग दी जा रही है. अब इनके जरिये आमजन को जागरूक किया जाएगा. बचाव के उपाय बताए जाएंगे.