Did You Know: ऊंट, जिसे 'रेगिस्तान का जहाज' कहते हैं, के प्रत्येक पैर में सिर्फ दो ऊंगलियां होती हैं. ये ऊंगलियां एक मांसल गद्देदार तलवे से जुड़ी होती हैं. यह चौड़ा तलवा ऊंट को रेगिस्तान की मुलायम रेत पर बिना धंसे आसानी से चलने में मदद करता है.
1/7
Rajasthan: Camel Ship of Desert
जैसा कि हम सबको पता होता है कि हर राज्य का एक राजकीय पशु,पक्षी कोई न कोई होते हैं ही, लेकिन क्या आप राजस्थान के राजकीय पशु ऊंट को बारे में जानते हैं.
2/7
Rajasthan: Camel Ship of Desert
ऊंट जिसे राजस्थान का राजकीय पशु और'रेगिस्तान का जहाज'कहा जाता है सिर्फ अपनी सहनशक्ति के लिए ही नहीं, बल्कि प्रकृति द्वारा दिए गए अपने विशेष पैरों की बनावट के लिए भी जाना जाता है. उसके पैर, गाय या घोड़े जैसे खुर वाले जानवरों से काफी अलग होते हैं, और यही उसके सफल रेगिस्तानी जीवन का सबसे बड़ी विशेषता है.
3/7
Rajasthan: Camel Ship of Desert
क्या आप जानते हैं, ऊंट के प्रत्येक पैर में केवल दो ऊंगलियां (toes) होती हैं! उसकी यह संरचना उसे द्विअंगुलिक जानवर बनाती है. ये दोनों ऊंगलियां एक-दूसरे से जुड़ी होती हैं, लेकिन असली खासियत पैर के नीचले हिस्से में होता है.
4/7
Rajasthan: Camel Ship of Desert
ऊंट के पैर का मुख्य हिस्सा एक बड़ी, नरम और मांसल गद्देदार तलवे (Padded Sole) से ढका होता है. यह चौड़ा और कुशन जैसा तलवा ही उसे खास बनाता है जो ऊंट को रेगिस्तान का जहाज बनाता है.
5/7
Rajasthan: Camel Ship of Desert
जब ऊंट रेगिस्तान की मुलायम और अस्थिर रेत पर कदम रखता है, तो यह चौड़ा गद्देदार पैड उसके शरीर के पूरे वजन को एक बड़े क्षेत्र में फैला देता है. इस कारण उसका पैर रेत में धंसता नहीं है. जबकि अन्य जानवर रेत में धंसकर संघर्ष करते हैं, ऊंट अपने इस खास तलवे की बदौलत रेत पर आसानी से चलता है, जैसे कोई जहाज पानी पर तैर रहा हो.
6/7
Rajasthan: Camel Ship of Desert
यही अनोखी और अनुकूलित बनावट ऊंट को बिना थके लंबी दूरी तय करने में सक्षम बनाती है, जिसके कारण वह सही मायने में 'रेगिस्तान का जहाज' कहलाता है.
7/7
Rajasthan: Camel Ship of Desert
प्रिय पाठक, हमारी यह खबर पढ़ने के लिए शुक्रिया. यह खबर आपको केवल जागरूक करने के मकसद से लिखी गई है. हमने इसको लिखने में सामान्य जानकारियों की मदद ली है. Zee Rajasthan इसकी पुष्टि नहीं करता है.