Rajasthan famous Fort: राव जोधा द्वारा 1459 में निर्मित मेहरानगढ़ किला 410 फीट ऊंची पहाड़ी पर स्थित है. 1200 एकड़ में फैला यह जोधपुर का गौरव, अपनी भव्य वास्तुकला और सिटी व्यू के लिए प्रसिद्ध है.
1/9
मेहरानगढ़ किला
राजस्थान के जोधपुर की पहचान और शान का प्रतीक मेहरानगढ़ किला भारत के सबसे बड़े और भव्य किलों में से एक है. इसकी विशालता, स्थापत्य कला और ऐतिहासिक महत्व इसे विश्वभर में प्रसिद्ध बनाते हैं.
2/9
निर्माण और संस्थापक
इस भव्य किले का निर्माण 1459 ईस्वी में राव जोधा द्वारा करवाया गया था. यह किला मारवाड़ की राजधानी जोधपुर की स्थापना के साथ ही अस्तित्व में आया.
3/9
भौगोलिक स्थिति
यह किला शहर से लगभग 410 फीट ऊंची एक पहाड़ी पर स्थित है, जो इसे प्राकृतिक सुरक्षा और जोधपुर शहर का विहंगम (विस्तृत) दृश्य प्रदान करता है.
4/9
विशाल क्षेत्रफल
मेहरानगढ़ किला लगभग 1200 एकड़ के विशाल क्षेत्र में फैला हुआ है. इसकी विशालता को देखते हुए कहा जाता है कि इसके अंदर एक छोटा शहर आसानी से बस सकता है.
5/9
वास्तुकला की भव्यता
किले की पहचान इसकी शानदार वास्तुकला है, जिसमें पत्थरों पर की गई जटिल नक्काशी और आंतरिक सज्जा में किया गया बेहतरीन कांच का काम हर किसी को आकर्षित करता है.
6/9
देखने योग्य स्थल (महल)
किले के अंदर कई प्रमुख और ऐतिहासिक स्थल हैं, जिनमें शीश महल, फूल महल और मोती महल शामिल हैं. ये महल राजसी वैभव को दर्शाते हैं.
7/9
सिटी व्यू (City View)
पहाड़ी पर स्थित होने के कारण, किले की प्राचीरों से नीचे बसे जोधपुर शहर का मनमोहक और राजसी दृश्य दिखाई देता है.
8/9
अद्वितीय पहचान
यह किला न केवल जोधपुर की बल्कि पूरे राजस्थान के ऐतिहासिक गौरव और साहस का प्रतीक माना जाता है. शाम के समय यहां एक विशेष लाइट एंड साउंड शो आयोजित किया जाता है, जो पर्यटकों को राजस्थान के गौरवशाली इतिहास और वीरता की कहानियों की यादों में ले जाता है.
9/9
सबसे बड़ा किला
मेहरानगढ़ किला अपनी भव्यता और विशाल आकार के कारण भारत के सबसे बड़े किलों की सूची में प्रमुख स्थान रखता है.