Ajmer News: आज हम आपको राजस्थान के एक ऐसे अनोखे मंदिर के बारे में बताएंगे, जिसका पुजारी कोई इंसान नहीं बल्कि एक बंदर है. बंदर ही इस मंदिर में हनुमान जी की आरती करता है और भोग लगाता है. यह मंदिर राजस्थान के अजमेर जिले में स्थित है.
1/7
राजस्थान के अजमेर जिले में बसे इस अनोखे मंदिर का नाम प्राचीन बजरंगगढ़ मंदिर है, जो एक प्रसिद्ध धार्मिक और ऐतिहासिक स्थल है. बजरंगगढ़ मंदिर भगवान हनुमान को समर्पित है.
2/7
बजरंगगढ़ मंदिर में स्थापित हनुमान जी की मूर्ति का मुंह खुला हुआ है. कहते हैं कि यहां से भक्तों द्वारा चढ़ाया गया प्रसाद सीधे बजरंगबली के मुख तक पहुंचता है.
3/7
बजरंगगढ़ मंदिर का इतिहास काफी सदियों पुराना बताया जाता है. कहते हैं कि 300 साल पहले यहां पहाड़ी पर रिहायशी घर बनाया जाना था लेकिन यहां स्वयंभू हनुमान जी की मूर्ति प्रकट हो गई. इसके बाद यहां घर की जगह मंदिर बना.
4/7
बजरंगगढ़ मंदिर पहाड़ी पर बसा हुआ है और यहां से पूरे अजमेर शहर का सुंदर नजारा दिखता है. यह जगह धार्मिक श्रद्धालुओं के साथ पर्यटकों के लिए भी आकर्षण का केंद्र बनी हुई है.
5/7
स्थानीय लोगों का कहना है कि बजरंगगढ़ बालाजी मंदिर में दर्शन करने से ही सभी कष्ट दूर हो जाते हैं. यहां पर हर मंगलवार और शनिवार को काफी संख्या में भक्तों की भारी भीड़ देखने को मिलती है.
6/7
बजरंगगढ़ मंदिर का पुजारी का कोई इंसान नहीं बल्कि एक बंदर है, जो हनुमानजी की पूजा करता है. यह बंदर सुबह मंदिर में आता है और हनुमानजी की पूजा करता है और शाम को इस मंदिर की देखभाल करता है. यह बंदर हनुमान जी को तिलक लगाता है और भक्तों को आशीर्वाद भी देता है.
7/7
इस बंदर का नाम रामू है, जो आरती में घंटी भी बजाता है. साथ ही भजन होने पर डांस भी करता है. वहीं, जब मंदिर में हनुमान चालीसा का पाठ होता है, तो रामू सुनता है. (डिस्क्लेमर- ये लेख सामान्य जानकारी और लोगों द्वारा बताई गई कहानियों पर आधारित है, इसकी ज़ी मीडिया पुष्टि नहीं करता है.)