Udaipur News: उदयपुर में 'गणपति का राजा' की 17 फीट ऊंची प्रतिमा को 1.51 करोड़ रुपये के नोटों से सजाया गया. हजारों भक्तों की भीड़ को देखते हुए दर्शन रात 2 बजे तक खुले रहे.
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'उदयपुर का राजा'
उदयपुर में 10 दिवसीय गणेश महोत्सव की धूम पूरे शहर में छाई हुई है. इस दौरान शहर के गणपति पांडालों में शाम होते ही भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ती है. सभी को गणपति के मनमोहक श्रृंगार का इंतजार रहता है, और बापूबाजार में स्थित 'उदयपुर का राजा' गणपति का श्रृंगार इस साल सबसे ज़्यादा चर्चा में रहा. यहां का नजारा वाकई में देखने लायक था.
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'उदयपुर का राजा'
उदयपुर का राजा के नाम से प्रसिद्ध भगवान गणपति की 17 फीट ऊंची प्रतिमा ने पूरे शहर का ध्यान खींचा. गणपति उत्सव के तहत, इस विशाल प्रतिमा का विशेष श्रृंगार किया गया, जिसे देखने के लिए भक्तों में जबरदस्त उत्साह था.
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एक करोड़ से ज़्यादा की अंगी
इस साल गणपति को करीब 1 करोड़ 51 लाख रुपये के नोटों से सजाया गया था. इस अनूठी अंगी (वस्त्र) की चर्चा पूरे राज्य में हो रही है, जिसने इसे महोत्सव का मुख्य आकर्षण बना दिया.
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करंसी नोटों से बना अनोखा श्रृंगार
गणपति का श्रृंगार कोई सामान्य नहीं था, बल्कि यह भारतीय मुद्रा के अलग-अलग नोटों से तैयार किया गया था. इसमें 50, 100, 200 और 500 रुपये के नोटों का इस्तेमाल किया गया, जिसने इस श्रृंगार को और भी अनमोल बना दिया.
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हजारों की संख्या में भक्तों का सैलाब
इस खास श्रृंगार के दर्शन के लिए हज़ारों की संख्या में भक्त शाम से ही पांडाल में जुटने लगे थे. जैसे ही रात 9:30 बजे दर्शन के द्वार खुले, भक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा.
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पुलिस अधीक्षक ने की आरती
इस भव्य आयोजन में उदयपुर के पुलिस अधीक्षक योगेश गोयल भी पहुंचे. उन्होंने देर रात 10 बजे के बाद हुई आरती में भाग लिया और भगवान गणेश का आशीर्वाद लिया, जिससे आयोजन की शोभा और बढ़ गई.
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भीड़ प्रबंधन और रात 2 बजे तक दर्शन
भीड़ की वजह से शुरुआती कुछ समय तक धक्का-मुक्की भी हुई, लेकिन पांडाल के कार्यकर्ताओं ने तुरंत व्यवस्था संभाली. भक्तों की लगातार बढ़ती संख्या को देखते हुए, आयोजकों ने दर्शन के समय को बढ़ाकर रात 2 बजे तक कर दिया.
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महाप्रसादी
वहीं सभी भक्तों को भगवान के दर्शन के बाद महाप्रसादी भी वितरित किया गया. भक्तों ने पूरी श्रद्धा के साथ प्रसाद लिया और अपने घर को लौटे. इस भव्य आयोजन ने साबित किया कि उदयपुर में गणेश महोत्सव की धूम अपने चरम पर रहा है.