Jaipur Fire Cracker Godown Fire: जयपुर के खोह नागोरियान में अवैध पटाखा गोदाम में भीषण आग से 8 लोगों की मौत हो गई. रिहायशी इलाके में चल रहे इस अवैध भंडारण को लेकर प्रशासन पर सवाल उठे हैं, हादसे के बाद से ही घटना की जांच की जारी है.
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Jaipur Firecracker Godown Blast
जयपुर के खोह नागोरियान इलाके में मंगलवार सुबह हुआ पटाखा गोदाम अग्निकांड पूरे शहर को झकझोर गया. आयशा नगर तलाई क्षेत्र, आईटीआई कॉलेज के पास स्थित इस अवैध गोदाम में लगी भीषण आग ने कुछ ही मिनटों में हालात बेकाबू कर दिए. हादसे में अब तक 8 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है.
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जानकारी के मुताबिक यह गोदाम रिहायशी इलाके में बिना अनुमति के चल रहा था. पुलिस और प्रशासन की शुरुआती जांच में सामने आया है कि मकान याकूब नाम के व्यक्ति का था, जिसे दिल्ली निवासी फिरोज को किराए पर दिया गया था. वहीं वसीम नाम का व्यक्ति वहां अवैध रूप से पटाखे स्टोर और सप्लाई का काम कर रहा था. इसी दौरान मंगलवार सुबह करीब 11 बजे अचानक आग भड़क उठी और धमाकों के साथ पूरा इलाका दहल गया.
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हादसे में जिन लोगों की मौत हुई है उनमें अब्दुल वाहिद (50), बिलाल खान (30), समीर (20), राबिल, अजीम उर्फ आविद और नासिर शामिल हैं. दो शवों की अभी तक पहचान नहीं हो पाई है. नासिर को गंभीर हालत में एसएमएस अस्पताल में भर्ती किया गया था, लेकिन डॉक्टरों के अनुसार वह करीब 95 प्रतिशत तक झुलस चुका था और बाद में उसकी भी मौत हो गई.
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घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस और प्रशासनिक टीम ने इलाके को घेर लिया. जयपुर कलेक्टर संदेश नायक ने बताया कि प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण ज्वलनशील पदार्थों का अवैध भंडारण माना जा रहा है. पुलिस कमिश्नर सचिन मित्तल ने भी पुष्टि की कि यह पूरी तरह से अवैध पटाखा भंडारण था और मामले की विस्तृत जांच की जा रही है.
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विधायक अमीन कागजी ने इस हादसे पर सवाल उठाते हुए कहा कि रिहायशी इलाके में इतने बड़े पैमाने पर चल रहे अवैध पटाखा गोदाम की जानकारी प्रशासन को कैसे नहीं थी. उन्होंने इसे सिस्टम की बड़ी चूक बताया और जिम्मेदारों पर सख्त कार्रवाई की मांग की.
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हादसे के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है. स्थानीय लोगों का कहना है कि धमाके इतने तेज थे कि आसपास के घरों की दीवारें तक हिल गईं. प्रशासन अब अवैध गोदामों की जांच और कार्रवाई की बात कर रहा है, लेकिन यह हादसा कई सवाल छोड़ गया है-आखिर रिहायशी इलाके में इतना बड़ा खतरा कैसे चलता रहा.