हनुमानगढ़: जेल में भाईयों को राखी नहीं बांध सकेंगी बहनें, ये वजह आई सामने...

दरअसल, विभिन्न अपराधों में बहुत सारे लोग जेलों (Jail) में बंद हैं और इस बार कोरोना महामारी के कारण जेल प्रशासन ने बहनों को अपने बंदी भाइयों को राखी बांधने की अनुमति नहीं दी है.

हनुमानगढ़: जेल में भाईयों को राखी नहीं बांध सकेंगी बहनें, ये वजह आई सामने...
हनुमानगढ़ जिला कारागार में 500 से ज्यादा कैदी हैं.

मनीष शर्मा/हनुमानगढ़: सोमवार को जहां पूरी दुनिया में रक्षाबंधन (Rakshabandhan) का त्यौहार मनाया जाएगा और बहनें अपने भाइयों के हाथों में राखी बांधेगी. वहीं, इस बार कोरोना वायरस (Coronavirus) महामारी रक्षाबंधन पर भारी पड़ रही है और कोरोना के कारण कई भाइयों की कलाई इस बार सूनी ही रहेगी.

दरअसल, विभिन्न अपराधों में बहुत सारे लोग जेलों (Jail) में बंद हैं और इस बार कोरोना महामारी के कारण जेल प्रशासन ने बहनों को अपने बंदी भाइयों को राखी बांधने की अनुमति नहीं दी है. हनुमानगढ़ जिले में जंक्शन स्थित जिला जेल के अलावा नोहर और भादरा में उपकारागृह हैं और हनुमानगढ़ जिला जेल में ही 500 से ज्यादा कैदी हैं.

हालांकि, जेल प्रशासन ने कैदियों को कोरोना संक्रमण से बचाने के लिए, इस बार राखी ना बांधने का निर्णय लिया है. मगर यह निर्णय बहनों के लिए भारी पड़ गया. जिला जेल हनुमानगढ़ के जेलर योगेंद्र सिंह के अनुसार, अभी तक इस सम्बंध में उच्चाधिकारियों के कोई निर्देश नहीं मिले हैं और बंदी भाइयों को बहनों द्वारा राखी बांधने के किसी भी आदेश की संभावना भी नजर नहीं आ रही.

जेलर के अनुसार, कोरोना महामारी के कारण बंदियों की कोर्ट में भी पेशी नहीं हो रही और सिर्फ एसटीडी (STD) और वीडियो कॉलिंग (Video Calling) की सुविधा ही उपलब्ध है. ऐसे में परिजन भी बंदियों से साक्षात मुलाकात नहीं कर पा रहे और ऐसी स्थिति में बहनों द्वारा बंदी भाइयों को राखी बांधना सम्भव नहीं है, जिससे बहनों में मायूसी है.