पीएम जिन उद्योगपतियों को करोड़ों देते हैं वही उनकी मार्केटिंग का खर्च उठाते हैं : राहुल गांधी

राहुल गांधी ने कहा कि मोदी जी 24 घंटे टीवी पर नजर आते हैं. उनके पोस्टर कहीं भी देखे जा सकते हैं. कोई भी टीवी पर बिना पैसे दिए नहीं आ सकता अगर ऐसा होतो तो हर कोई टीवी पर नजर आता.

पीएम जिन उद्योगपतियों को करोड़ों देते हैं वही उनकी मार्केटिंग का खर्च उठाते हैं : राहुल गांधी

बरी: कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने बरी में आयोजित एक जनसभा में पीएम नरेंद्र मोदी पर जमकर निशाना साधा. राहुल गांधी ने अरोप लगाया कि पीएम मोदी हर वक्त अपनी मार्केटिंग करने में लगे रहते हैं और उनकी मार्केटिंग के लिए उद्योगपति करोड़ों रुपए दे रहे हैं. 

राहुल ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी टीवी पर 24 घंटे नजर आते हैं. जहां भी देखो पीएम मोदी के पोस्टर लगे हैं. टीवी पर कोई मुफ्त में नहीं आता, अगर ऐसा होता तो हर कोई टीवी पर आ जाता. मार्केटिंग करने में करोड़ों रुपये लगते हैं. प्रधानमंत्री की मार्केटिंग वही उद्योगपति कर रहे हैं जिनको मोदी जी 30 हजार करोड़ देते हैं. 

'क्या मिल गया 2 करोड़ युवाओं को रोजगार'
राहुल ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, प्रधानमंत्री जी ने कहा था कि हर साल 2 करोड़ युवाओं को रोजगार मिलेगा. मिल गया? उन्होंने कहा कि 24 घंटे में चीन की सरकार 50 हजार युवाओं को रोजगार देती है. उसी 24 घंटे में हिंदुस्तान की सरकार 450 युवाओं को रोजगार दे पाती हैं. 

राहुल गांधी ने कहा कि पीएम मोदी बुलेट ट्रेन की बाते हैं करते हैं लेकिन राजस्थान में रेलवे प्रोजेक्ट्स को उन्होंन रद्द कर दिया है. राहुल ने कहा कि पूरे हिंदुस्तान का रेल बजट डेढ़ लाख करोड़ रुपये है. बुलेट ट्रेन, जिसमें ज्यादा से ज्यादा 3-4 हजार लोग चलेंगे, का बजट एक लाख करोड़ रुपये है. राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि हिंदुस्तान के 15-20 सबसे अमीर लोगों ने साढ़े 12 लाख करोड़ रुपये बैंकों से ले रखा है, वापस नहीं दे रहे हैं. 

'अर्थव्यवस्था ठप हो गई है' 
राहुल ने कहा कि आज कोई भी सरकार से सवाल नहीं पूछ सकता है. उन्होंने कहा, 'मोदी जी ने देश को झाड़ू पकड़ा दिया है और कहा कि सफाई करो बस सवाल मत पूछो। सवाल पूछोगे तो मारेंगे' राहुल ने कहा कि अर्थव्यवस्था ठप हो गई है. बैंक बंद पड़े हुए हैं, लोन नहीं दे पा रहे हैं। जो युवा अपनी छोटी सी दुकान चलाना चाहता है जो देश को रोजगार देना चाहता है उसको आप बैक का एक रुपया नहीं देंगे?