राजस्थान- ऋण माफी शिविर किसानों को राहत, सरकार ने माफ किया ई-मित्र शुल्क

मुख्य सचिव ने कहा कि राज्य सरकार ने किसानों की ऋण माफी को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है. इसलिए इसे क्रियान्वित कर पात्र किसानों को मिलने वाले लाभ को सुनिश्चित किया जाए. 

राजस्थान- ऋण माफी शिविर किसानों को राहत, सरकार ने माफ किया ई-मित्र शुल्क
फाइल फोटो

जयपुर/ आशीष चौहान: ऋण माफी, 2019 के पात्र किसानों द्वारा ई-मित्र केन्द्रों पर जाकर अपने आधार नम्बर से आवेदन एवं अधिप्रमाणन करने पर किसी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जाएगा. ई-मित्र केन्द्रों को इस बाबत किया जाने वाले शुल्क को राज्य सरकार के स्तर से वहन किया जाएगा.

कृषक ऋण माफी योजना के त्वरित क्रियान्वयन के संबंध में जिला कलक्टर्स ने वीसी ली. उन्होंने कहा कि उन्होंने किसानों के ऋण माफी से संबंधित आवेदन को शीघ्रता से भरकर वेब पोर्टल पर अपलोड कराए जाने के निर्देश दिए. पात्र किसानों को शीघ्र लाभ मिले इसके लिए उसका आधार नम्बर से अधिप्रमाणन भी जल्द कराएं.

मुख्य सचिव ने कहा कि राज्य सरकार ने किसानों की ऋण माफी को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है. इसलिए इसे क्रियान्वित कर पात्र किसानों को मिलने वाले लाभ को सुनिश्चित किया जाए. उन्होंने कहा कि कई पैक्स द्वारा डेटा अपलोड का अच्छा कार्य किया जा रहा है तथा अभी तक 10 लाख 45 हजार 284 किसानों का डेटा अपलोड हो चुका है. उन्होंने निर्देश दिए कि जिन पैक्स से संबंधित किसानों के डेटा अपलोड की गति धीमी चल रही है, उसमें तेजी लाई जाए तथा डेटा अपलोड के कार्य को तय समय सीमा में पूर्ण किया जाए.

गुप्ता ने डेटा फीडिंग में अच्छे कार्य करने वाले जयपुर, जोधपुर, भीलवाड़ा, दौसा, चित्तौड़गढ़ एवं जालोर जिलों की सराहना करते हुए कहा कि अब किसान का अधिप्रमाणन जल्द हो जाए इसके लिए योजनाबद्ध तरीके से रणनीति बनाकर किसानों को मिलने वाले लाभ को सुनिश्चित कराया जाएगा. उन्होंने निर्देश दिए कि जिला कलेक्टर लगातार मोनेटरिंग कर योजना का सफल क्रियान्वयन कराने की कोशिश कर रहे हैं.

प्रमुख शासन सचिव, सहकारिता अभय कुमार ने कहा कि जिला कलेक्टर लोन वेवर पोर्टल के डैशबोर्ड को मोनेटरिंग को आधार बनाए और एक्टिव पैक्स, डेटा फीडिंग, अधिप्रमाणन, प्रमाणपत्र का जारी होना एवं प्रमाणपत्र के वितरण संबंधी तथ्यों को नियमित रूप से देखें. उन्होंने कहा कि योजना के अनुसार सहकारी बैंकों से जुड़े पात्र किसानों का 30 नवम्बर, 2018 की स्थिति में समस्त बकाया फसली ऋण माफ कर दिया गया है तथा जिन किसानों द्वारा राशि जमा करा दी गई है वह उनके बचत खातें में जमा होगी.