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राजस्थान: ईमित्र ऐप का इस्तेमाल करने के बाद भी लोगों को नहीं मिल रहा सरकारी योजनाओं का लाभ!

आवदेन करे लम्बा समय बीतने के बाद पेंशन शुरू नहीं होने से पात्र व्यक्ति परेशान हैं और वो अब समाज कल्याण विभाग के चक्कर काट रहे हैं. 

राजस्थान: ईमित्र ऐप का इस्तेमाल करने के बाद भी लोगों को नहीं मिल रहा सरकारी योजनाओं का लाभ!
पेंशन न मिलने से परेशान लोग अब समाज कल्याण विभाग के चक्कर काट रहे हैं.

डूंगरपुर/ अखिलेश शर्मा​: प्रदेश सरकार की ओर से आमजन को राहत देने के लिए कई योजनाओ को लागू किया गया है लेकिन विभागीय लापारवाही के कारण उन योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्ति तक नहीं पहुंच पाता है. कुछ ऐसा ही हो रहा प्रदेश के आदिवासी बहुल डूंगरपुर जिले में. जहां विभागीय लापरवाही और उदासीनता के चलते हजारों लोग पात्र होते हुए भी सामाजिक सुरक्षा की विभिन्न पेंशन योजनाओं के लाभ से महरूम हैं.

राज्य सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग की ओर से सामाजिक सुरक्षा के लिए वृद्धावस्था, विधवा और दिव्यांग पेंशन योजना लागू कर रखी है लेकिन डूंगरपुर जिले में ऑनलाइन आवेदन करने के बाद विभिन्न स्तर पर आवेदन स्वीकृत नहीं होने से हजारों लोगों को पेंशन योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है. जिले में हजारों लोगों ने ईमित्र के जरिए पेंशन के लिए आवेदन किए लेकिन जिले के विकास अधिकारी, तहसीलदार, उपखंड कार्यालय और कोष कार्यालय से इन ऑनलाइन आवेदन में स्वीकृति नहीं मिल पा रही है. ऐसे में करीब 2 हजार से अधिक आवेदन हैं जो स्वीकृत नहीं होने के चलते पेंडिंग पड़े हुए हैं और लोग अपनी पेंशन के शुरू होने का इन्तजार कर रहे हैं. 

जानकारी के मुताबिक ऐसे ही एक मामला सामने आया है जिसमें पालनहार योजना में एक दादा ने अपने पौते के लिए बिछीवाड़ा में आवेदन किया था लेकिन आवेदन किए लम्बा समय बीत जाने के बाद भी उनके पौते को पालनहार योजना का लाभ नहीं मिल पाया है. वृद्ध पीड़ित ने ईमित्र से लेकर एसडीएम ऑफिस तक खूब चक्कर लगाए लेकिन कहीं से भी राहत नहीं मिली. 

इधर आवदेन करे लम्बा समय बीतने के बाद पेंशन शुरू नहीं होने से पात्र व्यक्ति परेशान हैं और वो अब समाज कल्याण विभाग के चक्कर काट रहे हैं. इस मामले में समाज कल्याण विभाग के अधिकारी का कहना है कि ईमित्र, विकास अधिकारी, तहसीलदार, उपखंड अधिकारी और कोष कार्यालय के अधिकारियों की लापरवाही से सभी आवेदन पेंडिंग चल रहे हैं. उन्होंने बताया कि इस सम्बन्ध में जिला कलेक्टर को अवगत करवाया गया है. साथ ही सभी अधिकारियों को नोटिस भी जारी करवाए गए हैं.