close

खास खबरें सिर्फ आपके लिए...हम खासतौर से आपके लिए कुछ चुनिंदा खबरें लाए हैं. इन्हें सीधे अपने मेलबाक्स में प्राप्त करें.

राजस्थान: शादी के कुछ वक्त बाद ही महिला को दहेज के लिए किया प्रताड़ित, मामला दर्ज

शादी में पीड़िता के पिता के द्वारा ढाई लाख रुपये कैश और अन्य सामना दिया गया गया था लेकिन कुछ महीने बाद ही ससुराल पक्ष ने पीड़िता को दहेज के लिए प्रताड़ित करना शुरू कर दिया.

राजस्थान: शादी के कुछ वक्त बाद ही महिला को दहेज के लिए किया प्रताड़ित, मामला दर्ज
फाइल फोटो

भीकम सिंह, दौसा: एक ओर सरकार महिलाओं की सुरक्षा के लाख दावें कर रही है, वहीं दूसरी ओर महिलाओं के साथ सरेआम अन्याय हो रहा है. ऐसा मामला सिकंदरा थाने के छोकरवाड़ा गांव कि पीड़ित परिवार का सामने आया है. पीड़ित परिवार ने अपनी बच्ची की शादी हिंदू रिती रिवाज के अनुसार 20 अप्रैल 2018 को बांदीकुई निवासी सतीश सैनी पुत्र ओम प्रकाश सैनी के साथ की थी. 

शादी में पीड़िता के पिता के द्वारा ढाई लाख रुपये कैश और अन्य सामना दिया गया गया था लेकिन कुछ महीने बाद ही ससुराल पक्ष ने पीड़िता को दहेज के लिए प्रताड़ित करना शुरू कर दिया. बार-बार पीड़िता को प्रताड़ित कर मारपीट की घई और पीड़िता के भाइयों के साथ भी मारपीट की गई. उसके बाद 1 अगस्त 2019 को पीड़िता के साथ मारपीट कर घर से निकाल दिया गया. 

महिला के पेट में 9 माह का बच्चा पल रहा है. जिसको लेकर पीड़िता ने सिकंदरा थाना पहुंचकर ससुराल पक्ष के ओमप्रकाश ससुर, सतीश सैनी पति, भगवान सहाय सहित अन्य लोगों के खिलाफ दहेज से प्रताड़ित करने और अभद्र व्यवहार और छेड़-छाड़ करने को लेकर मामला दर्ज कराया है. मामला दर्ज कराने के बाद समाज के बने ठेकेदारों द्वारा पीड़िता और पीड़िता के परिवार पर दबाव बनाया गया और बार-बार समझौता करने के कहा गया. 

समाज के पंच पटेलों द्वारा पीड़िता के परिवार पर बार-बार दबाव बनाया जा रहा है. पीड़ित के पिता सिलिकोसिस बीमारी से पीड़ित हैं. जो आज जिंदगी और मौत की लड़ाई लड़ रहे हैं. उनके परिवार में उसके अलावा और कोई परिवार का पालन पोषण करने वाला नहीं है. पीड़िता के पिता ने बताया कि मेरी बच्ची की इन दरिंदों ने जिंदगी खराब कर दी. बच्चे के साथ ही बच्चे के पेट में पल रहा बच्चे की भी जिंदगी खराब कर दी है. 

समाज के पंच पटेल पीड़िता को डिलीवरी के बहाने पैसा दिलवाने को लेकर पीड़िता से खाली कागजातों पर साइन करवा चुके हैं और उन्होंने डिलीवरी पर महिला को पैसे भी नहीं दिए. जिससे पीड़िता और पीड़िता का परिवार सदमे में है.