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झालावाड़: कलयुगी बेटे ने की पिता के साथ बर्बरता, जायदाद के लिए पैरों में लगाई बेड़ियां

बुजुर्ग मांगीलाल गुर्जर का पुत्र बलराम शादी के बाद से ही इस जमीन को उसके नाम करवाने के लिए दबाव बनाने लगा. यहां तक कि वह पिता के साथ मारपीट भी करने लगा था.

झालावाड़: कलयुगी बेटे ने की पिता के साथ बर्बरता, जायदाद के लिए पैरों में लगाई बेड़ियां
बुजुर्ग झालावाड़ जिला कलेक्टर द्वारा की जा रही जन सुनवाई में जा पहुंचा.

महेश परिहार/झालावाड़: राजस्थान के झालावाड़ में एक कलयुगी बेटे की हैवानियत भरी करतूत की है. बेटे ने जायदाद के लिए पिता के पैरों में बेड़ियां बांध दी. बेटे का यह हैवानियत यहीं नहीं रुकी वह पिता को बेड़ियों समेत गुहार लगाने जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंच गया. वहां मौजूद हर शख्स घटना को देखकर हैरान रह गया, तो वहीं 

बुजुर्ग पिता अपना दर्द बयां करते हुए भभक कर रो पड़ा. वहीं इस इस घटना पर झालावाड़ जिला कलेक्टर सिद्धार्थ सिहाग भी कुछ क्षणों के लिए तो निशब्द से हो गए.जंजीरों में बंधे बुजुर्ग पिता का नाम मांगीलाल गुर्जर है, जो झालावाड़ जिले के मनोहरथाना क्षेत्र के खाता खेड़ा का निवासी हैं. बुजुर्ग मांगीलाल गुर्जर करीब 25 बीघा कृषि जमीन भूमि का मालिक है. हालांकि इस जमीन को वो अपनी मौत के बाद साथ नहीं ले जाने वाला लेकिन फिर भी कलयुगी बेटे को यह बात समझ नहीं आई. खबर के मुताबिक बुजुर्ग मांगीलाल गुर्जर का पुत्र बलराम शादी के बाद से ही इस जमीन को उसके नाम करवाने के लिए दबाव बनाने लगा. यहां तक कि वह पिता के साथ मारपीट भी करने लगा था. 

खबर के मुताबिक हैवान बेटे को जमीन अपने नाम पर करवाना था. उस पर भारी-भरकम कर्ज था. ऐसे में करीब 1 वर्ष पूर्व पुत्र बलराम व उसकी पुत्रवधू रमेशी बाई ने साथ मिलकर बुजुर्ग पिता के पैरों में बेड़ियां लगा दी और जंजीर से बांध कर कैद दिया. ग्रामीणों की मदद से किसी तरह वह बाहर निकला और अपनी पुत्री के गांव चला गया. जिसे एक बार फिर बेटा किसी तरह अपने गांव वापस ले आया और फिर से जंजीरों में जकड़ दिया.

इस बार नरकीय जिंदगी जी रहे मांगीलाल गुर्जर को किसी पड़ोसी ने मदद कर मवेशी बांधने के खूंटे पर बंधी जंजीर से मुक्त कर भागने में मदद की. जिसके बाद बुजुर्ग झालावाड़ जिला कलेक्टर द्वारा की जा रही जन सुनवाई में जा पहुंचा. रुंधे गले से जब बुजुर्ग ने हैवानियत भरी घटनाओं से जिला कलेक्टर को अवगत कराया, तो उनका मन भी पसीज गया. पुत्र होने के बावजूद असहाय नरकीय जिंदगी जी रहे बुजुर्ग पिता मांगीलाल गुर्जर से जब मीडिया ने बात की तो कभी उसकी आंखों से आंसू निकले तो कभी कलयुगी बेटे पर गुस्सा फूटा.

लंबे समय से बंधी बेड़ियों की वजह से बुजुर्ग के पैर में गंभीर घाव हो गए हैं, लेकिन इन घावो का दर्द उस पीड़ा से बहुत कम है जो उसके हैवान बेटे ने उसे दी है. बुजुर्ग पिता मांगीलाल अब उसके आरोपी बेटे बलराम तथा पुत्रवधू रमेशी बाई से उसे मुक्त करवाकर इंसाफ दिलाने और आरोपी बेटे तथा बहू को सख्त सजा देने की गुहार कर रहा है. उधर झालावाड़ जिला कलेक्टर सिद्धार्थ सिहाग ने संवेदना जताते हुए मामले की जांच करवाने तथा दोषी पाए जाने वाले बेटे तथा पुत्र वधू पर सख्त कानूनी कार्रवाई करने का विश्वास दिलाया है.