सोनिया ने की कांग्रेसी CM से बात, गहलोत बोले- आर्थिक पैकेज पर केंद्र नहीं दे रहा जवाब

कोरोना संकट व लॉकडाउन के बीच कांग्रेस को अब एक के बाद एक, मुद्दे हाथ लगने लगे हैं. इसी कारण कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी अब फ्रंट फुट पर आ गई हैें.

सोनिया ने की कांग्रेसी CM से बात, गहलोत बोले- आर्थिक पैकेज पर केंद्र नहीं दे रहा जवाब
सोनिया गांधी ने श्रमिकों से रेल किराया वसूलने मामले में बड़ा कदम उठाया था.

जयपुर: कोरोना संकट के बीच अब कांग्रेस ने केंद्र सरकार को घेरना शुरू कर दिया है. श्रमिकों से रेल किराए वसूलने के मामले में आक्रामक हुई कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी (Sonia Gandhi) ने फिर से मोदी सरकार पर निशाना साधा है. सोनिया गांधी ने बुधवार को राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत (Ashok Gehlot) सहित कांग्रेस शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (Video Confrencing) के माध्यम से बात की.

दरअसल, कोरोना संकट व लॉकडाउन के बीच कांग्रेस को अब एक के बाद एक, मुद्दे हाथ लगने लगे हैं. इसी कारण कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी अब फ्रंट फुट पर आ गई हैं. सोनिया गांधी ने श्रमिकों से रेल किराया वसूलने मामले में बड़ा कदम उठाया था. इसके तहत सोनिया गांधी ने प्रदेश कांग्रेस ईकाईयों को निर्देश दिए थे कि, किराए का प्रबंध कमेटियां करें.

इसके बाद राजस्थान सहित कांग्रेस शासित मुख्यमंत्रियों ने किराए का भुगतान राज्य सरकार द्वारा वहन करने का फैसला किया. अब दूसरा कदम उठाते हुए सोनिया ने बुधवार को कांग्रेसी मुख्यमंत्रियों से बात की और साथ ही, जनहित से जुड़े मुद्दों को लेकर मोदी सरकार पर हमले बोलने के निर्देश दिए.

सोनिया ने कहा कि सरकार को यह बताना चाहिए कि, उसने किस पैमाने पर लॉकडाउन 3.0 (Lockdown 3.0) को लागू किया और 17 मई के बाद उसके पास क्या योजना है. सोनिया ने कहा कि भारत सरकार बताए कि आगे कब तक लॉकडाउन जारी रखने के लिए किन मापदंड का उपयोग किया है.

गांधी से चर्चा करते हुए राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि, जब तक लोगों और राज्यों को आर्थिक पैकेज नहीं मिलेगा, देश कैसे आगे बढ़ेगा. उन्होंने कहा कि, हमें 10 हजार करोड़ रुपए के राजस्व का नुकसान हुआ है. हम लगातार पीएम से पैकेज की मांग कर रहे हैं, लेकिन अभी तक जवाब नहीं मिला है.

इस वीसी में पंजाब के सीएम अमरिंदर सिंह ने कहा कि. उन्होंने दो कमेटी का गठन किया है, जो लॉकडाउन के झटके और आर्थिक रिवाइवल प्लान पर रणनीति बनाएगी. अमरिंदर ने केंद्र पर हमला बोलते हुए कहा कि, दिल्ली में बैठे लोग जमीनी हकीकत जाने बिना जोन का वर्गीकरण कर रहे हैं.

वहीं, छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश बघेल ने कहा कि अभी राज्य मुश्किल आर्थिक हालात का सामना कर रहे हैं. उन्हें तुरंत मदद की जरूरत है. इधर, राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने बैठक के दौरान कहा कि, कोरोना वायरस (Coronavirus) से लड़ने की रणनीति का मुख्य उद्देश्य बुजुर्गों की रक्षा करना है, जो कि मधुमेह और हृदय की बीमारियों से ग्रसित हैं.

सोनिया गांधी ने बैठक में कोरोना महामारी से निपटने के सरकार की कोशिशों और देश के विभिन्न हिस्सों में फंसे प्रवासी मजदूरों-कामगारों को वापस लाने के उपायों पर भी चर्चा की. बैठक के सबसे प्रभावी प्रजेंटेशन अशोक गहलोत का रहा. गहलोत की मांग पर ही केंद्र सरकार को पहले श्रमिकों को अपने राज्यो में जाने की इजाजत देनी पड़ी और फिर गहलोत की मांग पर ही विशेष ट्रेन चलाने का एलान किया.