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राजस्थान: सरहदी इलाके में फिर पकड़ा गया संदिग्ध, जासूसी करने की आशंका

भारत-पाक के बीच तनावपूर्ण माहौल के बीच जैसलमेर जिले में अब तक एक दर्जन संदिग्धों को पकड़ा जा चुका है

राजस्थान: सरहदी इलाके में फिर पकड़ा गया संदिग्ध, जासूसी करने की आशंका
मोहनगढ़ में भी 3 संदिग्ध युवकों के मिलने का मामला सामने आया था

जैसलमेर: सरहदी जैसलमेर जिले में आए दिन संदिग्धों की धरपकड़ के बीच एक बड़ा मामला सामने आया है. सूत्रों के अनुसार जिले के सम क्षेत्र के गांगा बस्ती निवासी नवाब खां पुत्र मठार खां को सुरक्षा एजेंसियों ने पकड़ा है. बताया जा रहा है सुरक्षा एजेंसियां आरोपी को जयपुर साथ ले गई. जानकारी के अनुसार नवाब खां सम क्षेत्र में जीप चलाने का कार्य करता है. उस पर जासूसी करने का संदेह है. कई महीनों से उस पर सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी थी.

गौरतलब है कि भारत-पाक के बीच तनावपूर्ण माहौल के बीच जैसलमेर जिले में अब तक एक दर्जन संदिग्धों को पकड़ा जा चुका है. जानकारी यह भी सामने आई है कि जयपुर से आई टीम ने उसे फिल्मी अंदाज में दबोचा. वह जीप सफारी के ग्राहक बनकर गए, घूमने के अपना मोबाइल सम में ही छोड़कर गए. नवाब के साथ जैसलमेर आने पर उन्होनें मोबाइल सम में भूल आने की बात कही और उसके परिचित को मोबाइल के साथ बुलाया. नवाब के परिचित के पहुंचने पर उसे जीप सौपकर नवाब के जयपुर साथ ले गए.

बता दें कि पिछले सप्ताह भी राजस्थान के जिले जैसलमेर के सरहदी इलाके मोहनगढ़ में 3 संदिग्ध युवकों के मिलने का मामला सामने आया था. जानकारी के अनुसार मोहनगढ़ के पीटीएम चौराहे के आसपास ये तीन युवक सेना के वाहनों के मूवमेंट की फोटोग्राफी कर रहे थे. ऐसे में सेना के जवानों द्वारा जब इन्हे रोका गया तो ये तीनों युवक वहां से भाग छूटे. 

सेना के जवानों ने इनका पीछा करते हुए इन्हें पकड़ लिया और मोहनगढ़ थाना पुलिस को सौंप दिया जहां पर इनसे गहनता से पूछताछ की गई. तीनों संदिग्धों से की गई पूछताछ में प्रारम्भिक रूप से सामने आया है कि इनके नाम राजपाल, सरजीत सिंह और मिठुराम है. जिसमें राजपाल और सरजीत सिंह पिता पुत्र हैं और मोहनगढ़ कस्बे में मजदूरी का काम करते हैं. वहीं तीसरा संदिग्ध मिठुराम पाक शरणार्थी है और पिछले लम्बे समय से मोहनगढ़ में निवास कर रहा है. 

पुलिस ने जब इन संदिग्धों के मोबाईल फोन की जांच की तो उसमें सामने आया कि इनके फोन पर चल रहे व्हाट्सएप में ऐसे ग्रुप है जिसमें कई पाकिस्तानी लोग भी शामिल हैं. ऐसे में इन लोगों पर शक का दायरा बढ़ गया है. मोहनगढ़ थानाधिकारी अमरसिंह रतनू ने जानकारी देते हुए बताया कि रविवार रात को तीनों बीएसएफ की गाडियों के काफिले की फोटोग्राफी करने की कोशिश कर रहे थे. ऐसे में उन्हें हिरासत में लिया गया है और पूछताछ की गई है और सोमवार को इन्हें संयुक्त सुरक्षा ऐजेन्सियों की पूछताछ के लिए जैसलमेर भिजवाया गया है.