Udaipur News: Corona ने फीकी की होली की रंगत, बाजारों में कम दिख रहे रंगों के खरीदार

होली का पर्व नजदीक आने के साथ ही बाजरों में खरीदारों की भीड उमड़ने लगती है लेकिन कोरोना संक्रमण ने इस बार लेकसिटी उदयपुर के बाजरों में होली की रंगत को फीका कर दिया है. 

Udaipur News: Corona ने फीकी की होली की रंगत, बाजारों में कम दिख रहे रंगों के खरीदार
प्रतीकात्मक तस्वीर.

Udaipur: सतरंगी रंगों का त्यौहार होली, हर किसी के चेहरे पर खुशी की लहर ला देता है. होली के त्यौहार पर लोग अपने सारे मतभेदों को भुला कर एक- दूसरे को रंग लगा कर गले मिलते हैं लेकिन कोरोना संक्रमण (Covid Infection) काल ने इस बार होली के त्यौहार के रंगों को ही फीका कर दिया है, जिसका असर उदयपुर के बाजारों में साफ देखने को मिल रहा है. 

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बुराई पर अच्छाई की जीत का महापर्व होली का त्यौहार अपने साथ कई उमंगें और खुशियां लेकर आता है. होली के रंगों की यही खुशियां शहरों और कस्बों के बाजारों की रंगत को ही बदल देती है. यही नहीं, होली का पर्व नजदीक आने के साथ ही बाजरों में खरीदारों की भीड उमड़ने लगती है लेकिन कोरोना संक्रमण ने इस बार लेकसिटी उदयपुर के बाजरों में होली की रंगत को फीका कर दिया है. 

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कोरोना संक्रमण के चलते बेहद कम लोग बाजारों में खरीददारी करने निकल रहे हैं, जो लोग गुलाल और पिचकारी खरीदने पहुंच रहे हैं, वे भी बेहद कम मात्रा में गुलाल और पिचकारियों की खरीददारी कर रहे हैं. लोगों का कहना है कि इस बार कोरोना के कारण तिलक लगा कर ही होली का त्यौहार मनाएंगे.

क्या कहना है व्यापारियों का
होली के त्यौहर पर बाजारों की रंगत फीकी होने के चलते व्यापारियों में निराशा देखी जा रही है. व्यापारियों को कहना है कि हर साल वे करीब एक से डेढ लाख रुपये की गुलाल और पिचकारियां मंगवाते हैं, जो होली तक पूरी तरह से बिक जाती है लेकिन कारोना संक्रमण के चलते इस बार उन्होने आधे से कम माल मंगवाया है और अब वह भी नहीं बिक रहा है, जिससे उन्हे काफी नुकसान होगा.

होली हो सकती फीकी
बहरहाल, पिछले कुछ दिनों से उदयपुर के साथ प्रदेशभर में बढ़ रहे कोरोना संक्रमण ने लोगों के अन्दर डर को बढ़ा दिया है. यही कारण है कि कुछ दिन में बाजारों में दिखने वाली भीड त्यौहारी सीजन में नदारद होने लगी है, जिसका खामियाजा छोटे व्यापारियों को उठाना पड़ रहा है. अगर यही स्थिति रही तो पिछले वर्ष की तरह इस साल भी पूरा त्यौहारी सीजन फीका निकलेगा.

Reporter- Avinash Jagnawat