Corona: Tocilizumab की किल्लत होगी खत्म, केंद्र को दान में मिलेंगे 4 करोड़ से ज्यादा Injection
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Corona: Tocilizumab की किल्लत होगी खत्म, केंद्र को दान में मिलेंगे 4 करोड़ से ज्यादा Injection

कोरोना (Corona) के इलाज में काम आने वाले Tocilizumab इंजेक्शन की किल्लत खत्म हो जाएगी. Roche इंडिया के मुताबिक 4 करोड़ से ज्यादा के Tocilizumab Injection सरकार को दान दिए जाएंगे. 

Corona: Tocilizumab की किल्लत होगी खत्म, केंद्र को दान में मिलेंगे 4 करोड़ से ज्यादा Injection

नई दिल्ली: कोरोना वायरस (Coronavirus) के गंभीर मरीजों के इलाज में काम आने वाले इंजेक्शन Tocilizumab को स्वास्थ्य मंत्रालय को मुफ्त दिया जाएगा. यह इंजेक्शन बनाने वाली कंपनी Roche इंडिया के मुताबिक 4 करोड़ से ज्यादा के Tocilizumab Injection सरकार को दान दिए जाएंगे. Tocilizumab जो कि एक्टेमरा (Actemra) ब्रांड नेम से बाजार में बिकता है, उसके 50 हजार वायल स्वास्थ्य मंत्रालय को दान किए जाएंगे. कंपनी के मुताबिक भारत की 11 मई को टोसिलिजुमैब इंजेक्शन की सप्लाई मिल चुकी है और कुछ दिनों में इसे स्वास्थ्य मंत्रालय को सौंप दिया जाएगा. 

अब 'एंटीबॉडी कॉकटेल' पर है जोर
टोसिलिजुमैब इंजेक्शन (Tocilizumab Injection) बनाने वाली कंपनी Roche India ने अब अपना जोर Casirivimab and Imdevimab के मिक्सचर वाले इंजेक्शन की सप्लाई पर लगा दिया है. कंपनी को इस एंटीबॉडी कॉकटेल को इस्तेमाल करने की इजाजत यूरोपियन यूनियन में पहले से मिले हुए इमरजेंसी यूज के आधार पर मिली थी. यह एंटीबॉडी कॉकटेल कोरोना वायरस के हल्के और मॉडरेट मरीजों के इलाज में काम आता है. 12 वर्ष से ज्यादा उम्र के ऐसे बच्चे जिनका वजन कम से कम 40 किलो हो, और सभी वयस्कों को यह इंजेक्शन दिया जा सकता है.

कोरोना के गंभीर मरीजों को होगा फायदा
भारत में Roche India सिप्ला के साथ मिलकर इस इंजेक्शन को इंपोर्ट करेगी. उम्मीद की जा रही है कि इस कॉकटेल के आने के बाद टोसिलिजुमैब इंजेक्शन (Tocilizumab Injection) के बदले इसे दिया जा सकेगा और कोरोना वायरस  (Coronavirus) के गंभीर मरीजों को इससे कुछ फायदा होगा.

लिपोसोमल अम्फोटेरिसिन-बी गायब
Black fungus यानी म्यूकर माइकोसिस (mucormycosis) के इलाज में इस्तेमाल होने वाली दवा Amphotericin-B अब बाजार से गायब हो रही है आमतौर पर यह दवा दो से 3000 रुपये में मिल जाती है लेकिन अब कई दवा बाजार से यह दवा भी गायब है और इसकी भी ब्लैक होने की खबरें आ रही हैं. इससे पहले कोरोना वायरस के शिकार मरीजों के रिश्तेदार रेमडेसिविर और Tocilizumab दवाओं के लिए भटकते रहे अब म्यूकर माइकोसिस का इलाज करने वाली इस दवा की भी शॉर्टेज हो गई है.

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तीन तरीके से हो सकता है इलाज
म्यूकर माइकोसिस का इलाज 3 तरीके से हो सकता है पहला तरीका है डायबिटीज को कंट्रोल करना दूसरा तरीका है यह दवा और तीसरा तरीका है ऑपरेशन. आज ही स्वास्थ्य मंत्रालय ने इस बात का भरोसा दिलाया कि उसकी नजर इस दवा की सप्लाई सुचारू करने और इसकी कालाबाजारी रोकने पर भी है.

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