डोकलाम विवाद से निपटने के लिए RSS ने की मोदी की तारीफ, नोटबंदी पर सरकार का समर्थन

संघ ने कहा कि चीन अतीत में ऐसे "दुस्साहसों’’ में शामिल रहा है, लेकिन यह "पहली बार" था कि भारत ने अपनी स्थिति "निर्णायक ढंग से" प्रस्तुत की. वैद्य ने कहा कि भारत दृढ़तापूर्वक डटा रहा और इसके फलस्वरूप चीन को अपने स्थान से वापस होना पड़ा.

डोकलाम विवाद से निपटने के लिए RSS ने की मोदी की तारीफ, नोटबंदी पर सरकार का समर्थन
मथुरा के वृंदावन में तीन दिवसीय सम्मेलन के पहले दिन संघ प्रमुख मोहन भागवत और महासचिव भैयाजी जोशी. (PTI Photo/1 September, 2017)

वृंदावन: नोटबंदी मुद्दे पर नरेंद्र मोदी सरकार का समर्थन करते हुए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने रविवार (3 सितंबर) को कहा कि इससे देश को लंबे समय में फायदा होगा. इसके साथ ही संघ ने डोकलाम गतिरोध से निपटने को लेकर केंद्र की सराहना की और कहा कि चीनी सैनिकों की वापसी से भारत की ‘‘प्रतिष्ठा’’ बढ़ी है. आरएसएस प्रचार प्रमुख मनमोहन वैद्य ने कहा कि चीन ने विगत में कभी भी इस प्रकार का हावभाव नहीं दिखाया था. आरएसएस समन्वय समिति की तीन दिवसीय बैठक के बाद वैद्य ने दावा किया, ‘‘डोकलाम से चीनी सैनिकों की वापसी के बाद भारत और उसके सशस्त्र बलों की प्रतिष्ठा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ी है.’’ उन्होंने कहा कि चीन अतीत में ऐसे "दुस्साहसों’’ में शामिल रहा है, लेकिन यह "पहली बार" था कि भारत ने अपनी स्थिति "निर्णायक ढंग से" प्रस्तुत की. वैद्य ने कहा कि भारत दृढ़तापूर्वक डटा रहा और इसके फलस्वरूप चीन को अपने स्थान से वापस होना पड़ा.

वैद्य ने कहा कि यह भी चर्चा की गयी कि किस प्रकार भारत की स्थिति को मजबूत बनाया जाए क्योंकि विश्व तेजी से बदल रहा है और एशिया के घटनाक्रम केंद्र में हैं. उन्होंने कहा कि आर्थिक नीति से संबंधित मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा की गयी तथा संघ से जुड़े संगठनों ने भी रविवार (3 सितंबर) समाप्त हुयी तीन दिवसीय बैठक में अपने विचार साझा किए. उन्होंने कहा कि नोटबंदी के फैसले से देश को लंबे समय में फायदा होगा. यह पहला मौका है जब संघ के एक शीर्ष पदाधिकारी ने स्पष्ट रूप से नोटबंदी का समर्थन किया है. हालांकि इससे पहले संघ से जुडे कुछ संगठनों ने पांच सौ और एक हजार के पुराने नोटों को बंद करने के मुद्दे पर सरकार की आलोचना की थी. 

संघ के प्रचार प्रमुख मनमोहन वैद्य ने कहा कि आर्थिक नीति से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई और संघ से जुड़े संगठनों ने बैठक में अपने विचार रखे. वैद्य ने कहा, ‘इससे पहले देश स्तब्ध था लेकिन लोग अब उन पुराने सदमों से बाहर आ रहे हैं और यह मान रहे हैं कि नोटबंदी के निर्णय का दीर्घकालिक लाभ होगा.’ उन्होंने कहा कि बैठक में घरेलू लघु उद्योगों को बढ़ावा देने और देश में बेरोजगारी के मुद्दे पर भी चर्चा हुई.

सस्ते चीनी उत्पादों के आयात के बारे में पूछे गए एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि आरएसएस विदेशी उत्पादों के बहिष्कार में स्वदेशी जागरण मंच का समर्थन करता है. उन्होंने कहा कि 2019 के लोकसभा चुनाव या सरकार के कामकाज के बारे में कोई चर्चा नहीं हुयी. बैठक में आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत, भाजपा अध्यक्ष अमित शाह और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी भाग लिया.