राजस्‍थान: अशोक गहलोत ने पहली भूमिगत मेट्रो ट्रेन का ई-लोकार्पण किया

राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने राज्य की पहली भूमिगत मेट्रो ट्रेन का बुधवार (23 सितंबर) को वीसी के माध्यम से ई-लोकार्पण किया और वर्चुअल हरी झंडी दिखाकर मेट्रो ट्रेन रवाना की. जयपुर शहर के परकोटे में मेट्रो फेज वन-बी के तहत चांदपोल से बड़ी चौपड़ तक 2.12 किलोमीटर तक यह मेट्रो ट्रेन चलेगी.

राजस्‍थान: अशोक गहलोत ने पहली भूमिगत मेट्रो ट्रेन का ई-लोकार्पण किया
फोटो (ट्विटर)

जयपुर: राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने राज्य की पहली भूमिगत मेट्रो ट्रेन का बुधवार (23 सितंबर) को वीसी के माध्यम से ई-लोकार्पण किया और वर्चुअल हरी झंडी दिखाकर मेट्रो ट्रेन रवाना की. जयपुर शहर के परकोटे में मेट्रो फेज वन-बी के तहत चांदपोल से बड़ी चौपड़ तक 2.12 किलोमीटर तक यह मेट्रो ट्रेन चलेगी. लोकार्पण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए गहलोत ने कहा कि जयपुर में 2010 में मेट्रो का काम शुरू हो गया था. उन्होंने कहा कि हमारी सरकार मेट्रो ट्रेन चलाने में घाटा या मुनाफा नहीं देख रही है क्योंकि लोगों को सस्ती और सुलभ परिवहन सेवा उपलब्ध कराना सरकार की सामाजिक जिम्मेदारी है.

आवागमन में होगी आसानी 
गहलोत ने कहा कि चांदपोल से बड़ी चौपड़ तक मेट्रो चलने से जयपुर आने वाले पर्यटकों को परकोटे के अन्दर आवागमन में आसानी होगी और यातायात पर दबाव भी कम होगा. मुख्यमंत्री ने कहा कि 21 सितंबर 2013 को तत्कालीन प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह ने मेट्रो फेज वन-बी का शिलान्यास किया था तब यह इस फेज के ढाई साल में पूरा होने की उम्मीद थी, लेकिन सरकार बदलने के बाद काम की गति धीमी हो गई और मार्च 2020 में इसका काम पूरा हुआ. उन्होंने मेट्रो फेज-वन बी में सहयोग के लिए केन्द्रीय शहरी विकास मंत्रालय को धन्यवाद दिया. उन्होंने कम लागत वाले मेट्रो लाइट प्रोजेक्ट को प्रदेश में शुरू करने की संभावनाएं तलाशने का भी आग्रह किया. साथ ही स्मार्ट सिटी परियोजना में जोधपुर एवं बीकानेर जैसे शहरों को जोड़ने की भी मांग की ताकि वहां भी शहरी विकास के काम हो सकें.

ट्रैफिक जाम से भी मिलेगा आराम
गहलोत ने जयपुर मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन एवं डीएमआरसी को जयपुर शहर के परकोटे का हैरिटेज लुक बनाए रखते इस भूमिगत रेल लाइन का काम पूरा करने के लिए बधाई दी. उन्होंने प्रदेश की पहली भूमिगत मेट्रो ट्रेन की ऑपरेटर शैफाली से बात कर उनकी हौसला अफजाई की. इस अवसर पर नगरीय विकास मंत्री शांति धारीवाल ने उम्मीद जताई कि भूमिगत मेट्रो शुरू होने से जयपुर के लोगों के साथ ही यहां आने वाले पर्यटकों को सुरक्षित, प्रदूषण रहित, सस्ती एवं आरामदायक यात्रा सुलभ होगी. इससे परकोटे में ट्रैफिक जाम से भी काफी हद तक निजात मिलेगी.

 1126 करोड़ रही इस फेज की लागत
मुख्य सचेतक डॉ. महेश जोशी एवं किशनपोल विधायक अमीन कागजी ने बड़ी चौपड़ मेट्रो स्टेशन से कार्यक्रम में संबोधन दिया. जयपुर मेट्रो के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक भास्कर सावंत ने बताया कि हैरिटेज में किसी तरह का बदलाव नहीं करते हुए यह विश्व स्तरीय परियोजना पूरी की गई है. उन्होंने बताया कि मानसरोवर से बड़ी चौपड़ तक 12 किमी की यात्रा अब 26 मिनट में पूरी हो जाएगी. परियोजना की कुल लागत 1126 करोड़ रही.