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महाराष्ट्र की चुनावी राजनीति में टपका 'कश्मीरी सेब', जानें क्या है मामला!

 महाराष्ट्र की राजनीति में कश्मीरी सेब गिरा है और इससे महाराष्ट्र के चुनावी रण में नया मुद्दा पैदा हो गया है. 

महाराष्ट्र की चुनावी राजनीति में टपका 'कश्मीरी सेब', जानें क्या है मामला!
(प्रतीकात्मक फोटो)

मुंबई: कभी न्यूटन (Newton) के सिर पर सेब गिरा था और गुरुत्वाकर्षण (Gravity) के सिद्धांत की खोज हुई थी। अब महाराष्ट्र (Maharashtra) की राजनीति में सेब (Apple) गिरा है और इससे महाराष्ट्र के चुनावी रण में नया मुद्दा पैदा हो गया है. 

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (Narendra Modi) और गृहमंत्री अमित शाह (Amit Shah) ने जम्मू कश्मीर (Jammu Kashmir) से आर्टिकल 370 (Article 370) के हटाने को लेकर अपने ऐतिहासिक फैसले को महाराष्ट्र के चुनाव में मुख्य मुद्दा बनाया है. लेकिन अब चुनाव में कश्मीर सेब का मुद्दा भी उठ चुका है. यह मुद्दा उठाया है कांग्रेस छोड़ चुके कृपाशंकर सिंह ने. 

पूर्व कांग्रेस नेता कृपाशंकर सिंह ने ऑनलाईन फूड और ग्रोसरी डिलीवरी कम्पनीज जैसे Amazon , Big  Basket और Grofer को एक को एक लेटर लिखा है. लेटर में कृपाशंकर ने कश्मीरी सेबों ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर ज्यादा से ज्यादा बेचने की बात कही है. इसके साथ ही कृपाशंकर ने कश्मीर सेबों के लिए विशेष सेल्स व् प्रमोशन स्कीम लांच करने की मांग की है. 

कृपाशंकर ने खत में Amazon , Big  Basket और Grofer  से आग्रह किया है की वे इसमें अपना मुनाफ़ा छोड़ दे जिसके चलते कश्मीर की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले.

बता दें देश का 75% सेब कश्मीर से आता है। कश्मीर में सेब के व्यापार से सालाना 1200 करोड़ से ज्यादा का टर्नओवर है और सेब कश्मीर की अर्थव्यस्था का मजबूत स्तम्भ है।    

गौरतलब है कि Amazon , Big  Basket और Grofer  इंडिया के सबसे बड़े ऑनलाइन फूड और ग्रोसरी स्टोर हैं जो दैनिक इस्तेमाल के खाने पीने के सामान की होम डिलीवरी करते हैं.

बता दें कृपाशंकर सिंह ने जम्मू कश्मीर से आर्टिकल 370 को हटाने के मोदी सरकार के फैसले का जमकर समर्थन किया था. इसी मुद्दे पर आगे चलकर उनकी और कांग्रेस की राहें अलग-अलग हो गई थीं.