कश्‍मीरी युवकों को आतंकी ट्रेनिंग के लिए पाकिस्‍तान भेजता था डिप्‍टी जेलर, NIA ने किया गिरफ्तार

स्‍थानीय युवकों को उकसाकर आतंकी बनाने और पाकिस्‍तान भेजने का है आरोप.

कश्‍मीरी युवकों को आतंकी ट्रेनिंग के लिए पाकिस्‍तान भेजता था डिप्‍टी जेलर, NIA ने किया गिरफ्तार

श्रीनगर : नेशनल इंवेस्टिगेशन एजेंसी (एनआईए) ने बुधवार को कश्‍मीरी युवकों को आतंकी बनाने के आरोप में जम्‍मू-कश्‍मीर जेल विभाग के डिप्‍टी जेलर को गिरफ्तार किया है. उस पर आरोप है कि वह स्‍थानीय युवकों को आतंकी संगठनों में शामिल करके उन्‍हें पाकिस्‍तान में स्थित आतंकी कैंपों में ट्रेनिंग के लिए भेजता था. मामले में आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिद्दीन के भी एक आतंकी को गिरफ्तार किया गया है. 

आरोपी डिप्टी जेलर फिरोज अहमद लोन पिछले 5 महीने से जम्मू की अम्बफला जेल में तैनात है. इससे पहले वह श्रीनगर सेंट्रल जेल में तैनात था. जबकि पकड़ा गया कुख्यात आतंकी इसहाक पाला बीते कुछ साल से श्रीनगर जेल में बंद है. दोनों पर आरोप है कि वे जेल में बंद आतंकी कमांडरों के गठजोड़ से स्थानीय युवकों को आतंकी बनने के लिए उकसाते थे. NIA की विशेष अदालत ने डिप्‍टी जेलर को 10 दिन और आतंकी को 6 दिन की रिमांड पर NIA की बिशेष जांच टीम के हवाले कर दिया है.

बता दें कि देश में आतंकी और नक्‍सली घटनाओं को बढ़ाने के लिए नक्‍सली अब जम्‍मू-कश्‍मीर में आतंकियों से गठजोड़ करने की कोशिश कर रहे हैं. सुरक्षा एजेंसियों की रिपोर्ट में यह खुलासा हुआ है. रिपोर्ट के अनुसार नक्‍सल समर्थित समूह इसकी साजिश रच रहे हैं. ये समूह कश्‍मीर में अपने नेटवर्क को मजबूत कर रहे हैं.

सुरक्षा एजेंसियों की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि नक्‍सल समर्थित समूहों के 15 सदस्‍यों ने इस साल मई में कश्‍मीर के कई इलाकों का दौरा किया है. इनमें अनंतनाग, बरामूला, बडगाम, कुपवाड़ा और शोपियां जैसे संवेदनशील इलाके शामिल हैं. नक्‍सल समर्थित समूहों ने आतंकियों के उन मामलों की रिपोर्ट बनाई है, जिनके मामले कई साल से लंबित हैं.