close

खास खबरें सिर्फ आपके लिए...हम खासतौर से आपके लिए कुछ चुनिंदा खबरें लाए हैं. इन्हें सीधे अपने मेलबाक्स में प्राप्त करें.

राजस्थान: SMS अस्पताल में विवाहिता की मौत मामले में सेशन कोर्ट ने मांगी रिपोर्ट

प्रार्थना पत्र में कहा गया कि उसकी पत्नी ज्योति के हार्ट की नस में अल्सर होने के चलते उसे गत 12 जून को एसएमएस अस्पताल में डॉ. विजय पाठक की युनिट में भर्ती कराया.

राजस्थान: SMS अस्पताल में विवाहिता की मौत मामले में सेशन कोर्ट ने मांगी रिपोर्ट
फाइल फोटो

महेश पारीक, जयपुर: महानगर मजिस्ट्रेट क्रम-18 ने मोती डूंगरी थाना पुलिस से रिपोर्ट पेश कर बताने को कहा है कि इलाज के दौरान लापरवाही बरतने के चलते विवाहिता की मौत के मामले में आरोपी चिकित्सकों विजय पाठक, अनामिका गुप्ता, अनिल शर्मा और डॉ. प्रमोद गुप्ता के खिलाफ दर्ज मामले में अब तक क्या जांच की गई है. अदालत ने यह आदेश परिवादी कमलेश कुमार के प्रार्थना पत्र पर दिए.

प्रार्थना पत्र में कहा गया कि उसकी पत्नी ज्योति के हार्ट की नस में अल्सर होने के चलते उसे गत 12 जून को एसएमएस अस्पताल में डॉ. विजय पाठक की युनिट में भर्ती कराया. जहां ऑपरेशन कर मरीज के डिवाइस लगाना था. मरीज का बीपी अधिक होने की जानकारी होने के बावजूद डॉ. अनामिका गुप्ता ने कम बीपी बताकर एनेस्थिया चिकित्सक पर दबाव डालकर क्लीयरेंस ले लिया.

वहीं अगले दिन आरोपी चिकित्सकों ने मरीज का ऑपरेशन किया. इस दौरान डिवाइस डालने के दौरान लापरवाही बरतने से तार से मरीज की नस कट गई और खून बहकर पेट में जमा हो गया. इसके चलते मरीज को कॉर्डियोलॉजी सर्जरी के लिए डॉ. अनिल शर्मा को रेफर किया गया. यहां परिजनों की अनुमति लिए बिना मरीज की बाइपास सर्जरी की गई. इस दौरान मरीज की मौत हो गई. मामले में दोषी चिकित्सकों के खिलाफ आईपीसी की धारा 304 और 420 के तहत रिपोर्ट दर्ज कराने के बावजूद पुलिस मामले में कोई अनुसंधान नहीं कर रही है. यहां तक कि परिवादी के बयान तक दर्ज नहीं किए गए हैं.