टोंक: मालपुरा में दशहरे पर हुए पथराव के बाद आज भी कर्फ्यू, इंटरनेट सेवा भी बंद

यहां आपको बता दें कि मामले को लेकर अब तक पुलिस द्वारा 2 उपद्रवियों को गिरफ्तार किया गया है. एसटीएफ, आरएसी सहित जिले के कई थानों का जाप्ता इलाके में तैनात किया गया है.

टोंक: मालपुरा में दशहरे पर हुए पथराव के बाद आज भी कर्फ्यू, इंटरनेट सेवा भी बंद
इलाके में आज शाम को 6.30 बजे तक इंटरनेट सेवा को भी बंद रखा जाएगा.

पुरुशोत्तम जोशी, मालपुरा: टोंक जिले के मालपुरा इलाके में दशहरे के दिन रामबारात पर समाज विशेष के लोगों द्वारा किए गए पथराव के बाद अब भी तनाव की स्थिति बनी हुई है. जिसके चलते पुलिस द्वारा कर्फ्यू लगातार दूसरे दिन भी जारी है और इसमें किसी भी प्रकार की ढील नहीं दी जा रही है. 

साथ ही इलाके में आज (गुरुवार) शाम को 6.30 बजे तक इंटरनेट सेवा को भी बंद रखा जाएगा. इलाके में तनाव की स्थिति को देखते हुए सम्भागीय आयुक्त और अजमेर रेंज के आईजी भी मौके पर मौजूद हैं. कलेक्टर और एसपी आदर्श सिद्धू भी लगातार शहर में दौरा कर रहे हैं और घटना की समीक्षा कर रहे हैं. 

यहां आपको बता दें कि मामले को लेकर अब तक पुलिस द्वारा 2 उपद्रवियों को गिरफ्तार किया गया है. एसटीएफ, आरएसी सहित जिले के कई थानों का जाप्ता इलाके में तैनात किया गया है. मामले को लेकर आज सम्भागीय आयुक्त बैठक ले सकते हैं. बैठक के बाद ही इंटरनेट सेवाओं की बहाली और कर्फ्यू में ढील दिए जाने पर फैसला किया जाएगा. 

हालांकि, इलाके में लगे इस कर्फ्यू के चलते आमजनों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. आमजनों को रोजमर्रा का सामान भी उपलब्ध नहीं हो पा रहा है. साथ ही आमजनों में दहशत का माहौल बना हुआ है. 

टोंक के मालपुरा में तनाव के बाद प्रदेश के डीजीपी इस मामले की लगातार मॉनिटरिंग कर रहे हैं. घटना के बाद उन्होंने रेंज आईजी से बात कर मामले की जानकारी ली. इस दौरान डीजीपी ने कानून व्यवस्था बनाये रखने के लिए जरुरी निर्देश जारी किए हैं.

टोंक के मालपुरा में दशहरे के जुलूस के दौरान हुए पथराव के बाद कस्बे में कर्फ्यू लागू हो गया. वहीं इस मामले पर सियासी बयान भी शुरू हो गए हैं. बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनिया ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा की प्रदेश में कांग्रेस के राज में बहुसंख्यकों में भय का महौल है. मालपुरा में हिंदूओं के धार्मिक आयोजन में असामाजिक तत्व इस प्रकार की घटनाएं करते है, लेकिन फिर भी सरकार ने इतने बड़े धार्मिक आयोजन को गंभीरता से नहीं लिया. पहले भी मालपुरा में कावड़ियों पर पथराव किया गया था इसके बावूजद सरकार की इंटलिजेंस पूरी तरह से फेल रही है. 

पूनिया ने कहा कि सरकार को त्वरित प्रभाव से समाजकंटकों पर कठोर कार्रवाई करनी चाहिए. पूनियां ने कहा की पिछले 10 महीनों से कानून व्यवस्था को लेकर जनता में आक्रोश है. उन्होनें आशंका जताते हुए कहा कि किसी दिन बिगड़ी कानून व्यवस्था को लेकर कोई बड़ा विस्फोट हो सकता है.