close

खास खबरें सिर्फ आपके लिए...हम खासतौर से आपके लिए कुछ चुनिंदा खबरें लाए हैं. इन्हें सीधे अपने मेलबाक्स में प्राप्त करें.

जयपुर: सोशल मीडिया का गलत इस्तेमाल रोकने के लिए सतकर्ता जरुरी, जल्द बनेगी गाइडलाइन

सुप्रीम कोर्ट(Supreme Court) ने भी देश में तकनीक(Technology)का इस्तेमाल खतरनाक माना है. सोशल मीडिया के गलत इस्तेमाल को रोकने के लिए सरकार को गाइडलाइन बनाने के निर्देश दिए है.

जयपुर: सोशल मीडिया का गलत इस्तेमाल रोकने के लिए सतकर्ता जरुरी, जल्द बनेगी गाइडलाइन
सोशल मीडिया आम से लेकर सरकार के लिए गले की फांस बनता जा रहा है. (प्रतीकात्मक फोटो)

दामोदर प्रसाद, जयपुर: सुप्रीम कोर्ट(Supreme Court) ने भी देश में तकनीक(Technology)का इस्तेमाल खतरनाक माना है. सोशल मीडिया के गलत इस्तेमाल को रोकने के लिए सरकार को गाइडलाइन बनाने के निर्देश दिए है. 

वहीं सुप्रीम कोर्ट के सोशल मीडिया(Social Media) पर निर्देश के बाद आमजन ने भी माना की सोश्यल मीडिया का दुरूपयोग ज्यादा हो रहा है. इसके लिए सरकार को सख्त कानून बनाने की आवश्यकता है. जिससे इसका सदुपयोग हो सके और दुरूपयोग को रोका जा सके.

शहर, प्रदेश और देश में साम्प्रदायिक भ्रमित खबरों से दंगों को रूप दिया जा रहा है. तो वहीं किसी की इज्जत को सोश्यल मीडिया में वायरल कर बेइज्जत किया जा रहा है. ऐसे लोगों के खिलाफ सरकार की ओर से सख्त कानून हो जिससे इन खबरों को वायरल करने वाले पर कार्रवाई की जाए.

आज देशभर में कई बार राजनीतिक फायदे के लिए लोग साम्प्रदायिक, भ्रमित खबरे वायरल कर दंगों का रूप दे देते है. जिससे आमजन का जनजीवन प्रभावित हो जाता और सरकार को भी इसको रोकने के लिए लाखों करोडों रूपए का नुकसान उठाना पडता है. वहीं स्टूडेंट के लिए तकनीकी के इस्तमाल को फायदेमंद भी माना क्योंकि स्टूडेंट विषय संबंधि जानकारी तुरंत सोश्यल मीडिया से उपलब्ध कर लेता है. वहीं पुलिस को आपराधिक घटनाओं पर लगाम लगाने के लिए तकनीकी फायदेमंद होती है.

सोशल मीडिया आम से लेकर सरकार के लिए गले की फांस बनता जा रहा है. इस सोश्यल मीडिया के माध्यम से आम से खास व्यक्ति चल रहा है. कहीं पर कोई साम्प्रदायिक दंगे करवाने हो तो एक मैसेज पोस्ट करो फिर दंगे ही दंगे. तो सरकार को आज सोश्यल मीडिया पर सख्त कानून बनाकर काम करने की आवश्यकता हो गई है.