बेटे को दूध पिला रही थी मां, अचानक आया गुलदार, बच्चे को उठा ले गया और फिर...

ग्रामीणों के पीछा करने के कारण गुलदार लहूलुहान बच्चे को कुछ दूरी पर छोड़कर भाग गया. ग्रामीणों ने बच्चे को तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचाया,

बेटे को दूध पिला रही थी मां, अचानक आया गुलदार, बच्चे को उठा ले गया और फिर...
बताया जा रहा है कि बच्चे की गर्दन में दांत और शरीर में पंजे धंसने के चलते मासूम की मौत हो गई.

पिथौरागढ़: उत्तराखंड में गुलदार के हमलों की खबरें लगातार सामने आती रहती हैं. ऐसा ही एक हादसा पिथौरागढ़ में सामने आया है. प्राप्त जानकारी के अनुसार, यहां एक बच्चे को गुलदार घर के अंदर से उठा ले गया. हमले में बच्चे की मौत हो गई. बताया जा रहा है कि महिला अपने तीन साल के बेटे को घर में दूध पिला रही थी. इसी दौरान अचानक घर में एक गुलदार घुस आया और बच्चे को उठा ले गया. महिला ने बच्चे को बचाने के लिए शोर मचाया. शोर सुनकर ग्रामीणों ने गुलदार का पीछा किया. कुछ दूरी पर गुलदार ने बच्चे को छोड़ दिया. लेकिन, गहरे घावों के चलते बच्चे ने दम तोड़ दिया.

बताया जा रहा है कि बच्चे की गर्दन में दांत और शरीर में पंजे धंसने के चलते मासूम की मौत हो गई. घटना के बाद से ही ग्रामीणों में दहशत फैल गई है. वहीं, ग्रामीणों का वन विभाग के खिलाफ गुस्सा भी फूट पड़ा है. मामला पिथौरागढ़ जिले के बेरीनाग तहसील का है. कांडे किरोली क्षेत्र के मलेत गांव शुक्रवार की शाम हेमा देवी अपने बेटे नैतिक को दूध पिला रही थीं.  इसी दौरान अचानक घर में गुलदार घुस आया. गुलदार ने महिला के सामने से ही उसके बेटे को उठाया और भाग गया. महिला के चिल्लाने पर ग्रामीण पहुंचे और गुलदार का पीछा किया. 

 

ग्रामीणों के पीछा करने के कारण गुलदार लहूलुहान बच्चे को कुछ दूरी पर छोड़कर भाग गया. ग्रामीणों ने बच्चे को तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया. बताया जा रहा है कि बच्चे के पिता रमेश कार्की दिल्ली में प्राइवेट नौकरी करते हैं. घर पर पत्नी हेमा देवी, दो बेटियां और बेटा नैतिक रहता था. वन विभाग ने गुलदार को पकड़ने के लिए पिंजड़ा लगा दिया गया है.