अखिलेश यादव ने की रमजान पर आजम एंड फैमली को रिहा करने की मांग, कहा- बदले की भावना का हुए शिकार

भाजपा पर निशाना साधते हुए अखिलेश ने कहा कि सरकार के आचरण से समाज का एक वर्ग बुरी तरह आतंकित है. उसमें असुरक्षा की भावना फैल रही है. आजम खान भाजपा की बदले की भावना के शिकार हैं.

अखिलेश यादव ने की रमजान पर आजम एंड फैमली को रिहा करने की मांग, कहा- बदले की भावना का हुए शिकार

लखनऊ: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने आजम खां, उनकी पत्नी तंजीन फातिमा और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम को माहे रमजान में इबादत और रोजे का फर्ज अदा करने के लिए जेल से रिहा करने का आग्रह किया है.

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इबादत और रोजे की फर्ज अदायगी के लिए मिले मौका: अखिलेश
भाजपा पर निशाना साधते हुए अखिलेश ने कहा कि सरकार के आचरण से समाज का एक वर्ग बुरी तरह आतंकित है. उसमें असुरक्षा की भावना फैल रही है. आजम खान भाजपा की बदले की भावना के शिकार हैं. भाजपा हर मामले को साम्प्रदायिक रंग देने का काम कर रही है. समाज में सद्भाव कायम रखने के लिए आवश्यक है सबके साथ न्याय होना चाहिए, यही शासन की सम्दृष्टि का परिचय होता है. अखिलेश यादव ने कहा है कि रमजान के पवित्र महीने में लोग संयम, इबादत के साथ सबके भले के लिए दुआएं करते हैं. आजम खान और उनके परिवार को भी देश के स्वतंत्र नागरिक के रूप में अपने धार्मिक फर्ज की अदायगी का पूरा अवसर मिलना चाहिए.

''आजम खान एंड फैमली से हो रहा अशोभनीय व्यवहार''
अखिलेश यादव ने कहा है कि आजम खान प्रदेश के प्रतिष्ठित राजनेता है. कई बार मंत्री और विधायक रह चुके हैं. राज्यसभा के सदस्य रहे हैं. वर्तमान में रामपुर से सांसद है. साथ ही मौलाना मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय जैसा उच्च शैक्षणिक संस्थान उन्हीं की देन है. उनकी पत्नी भी विधायक हैं. दोनों बीमार हैं. अब्दुल्ला आजम भी विधायक रहे हैं. सरकार इन सबके साथ जो व्यवहार कर रही है वह अशोभनीय है.

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आजम खान की छवि बिगाड़ने में तुली सरकार: अखिलेश
अखिलेश यादव ने कहा कि आजम खान के प्रति सत्तादल एवं सरकार विद्वेषपूर्ण व्यवहार कर रही है. आजम खान पर सरकारी इशारे पर तमाम फर्जी मुकदमें दर्ज किए गए हैं और उन्हें जेल में रखकर प्रताड़ित किया जा रहा है. सत्तादल उनकी छवि बिगाड़ने पर तुला है.