इलाहाबाद यूनिवर्सिटी ने इस मामले में रचा एक और इतिहास, जानिए क्या है पूरी खबर

प्रो. पी.के. साहू ने नए वीसी की कमान संभालते ही विश्वविद्यालय में लंबित कई मामलों को हरी झंडी दे दी. इस वजह से छात्रों के साथ-साथ शिक्षक भी खुश नजर आए.

इलाहाबाद यूनिवर्सिटी ने इस मामले में रचा एक और इतिहास, जानिए क्या है पूरी खबर
प्रो. पीके साहू ने नए वीसी की कमान संभालते ही विश्वविद्यालय में लंबित कई मामलों को हरी झंडी दे दी.

मोहम्मद गुफरान/प्रयागराज: इलाहाबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय (University of Allahabad) ने एक और नया इतिहास रच दिया है. पूरब के ऑक्सफोर्ड के रूप में ख्याति प्राप्त इलाहाबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय में पहली बार 1 दिन के लिए कार्यवाहक कुलपति नियुक्त किया गया है. मानव संसाधन विकास मंत्रालय और इलाहाबाद विश्विद्यालय प्रशासन के बीच बीते दिनों मंथन के बाद विश्वविद्यालय के वरिष्ठता सूची के आधार पर कला संकाय के डीन रह चुके प्रोफेसर पीके साहू को कार्यवाहक कुलपति के रूप में नियुक्त किया गया है. 

बता दें कि प्रोफेसर रतन लाल हांगलू के समय में इलाहाबाद विश्वविद्यालय आये दिन विवादों में रहता था. 31 दिसंबर को मानव संसाधन विकास मंत्रालय को पद से इस्तीफा देते हुए रतन लाल हांगलू ने केंद्रीय विश्वविद्यालय को छोड़ने का निर्णय लिया. जिसके बाद, मंत्रालय और राष्ट्रपति ने भी इस्तीफे को मंजूर कर प्रोफेसर हांगलू को पद मुक्त कर दिया था. राष्ट्रपति भवन से ही यह निर्देश दिया गया था कि इलाहाबाद विश्वविद्यालय के ही किसी वरिष्ठ शिक्षक को वाइस चांसलर की जिम्मेदारी दी जाए. ऐसे में प्रोफेसर केएस मिश्रा को कार्यवाहक कुलपति बनाया गया. लेकिन, प्रोफेसर केएस मिश्रा 14 जनवरी को सेवानिवृत्त हो गए.

इसके बाद वरिष्ठता की सूची के आधार पर कला संकाय के अध्यक्ष प्रोफेसर पीके साहू को देर रात कार्यवाहक कुलपति नियुक्त किया गया. इलाहाबाद विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार एनके शुक्ला ने नए वीसी को पदभार ग्रहण कराया. 1 दिन के वाइस चांसलर बने प्रो. पीके साहू भी बुधवार यानी आज सेवानिवृत्त हो गए. लेकिन, इलाहाबाद विश्वविद्यालय को स्थाई कुलपति मिलने तक वो कार्यवाहक कुलपति के रूप में काम करेंगे. 

प्रो. पीके साहू ने नए वीसी की कमान संभालते ही विश्वविद्यालय में लंबित कई मामलों को हरी झंडी दे दी. इस वजह से छात्रों के साथ-साथ शिक्षक भी खुश नजर आए. शिक्षकों का कहना है कि जिस तरह फिल्म नायक के हीरो अनिल कपूर ने 1 दिन के सीएम बनने के बाद जो काम किए थे ठीक उसी तर्ज पर प्रोफेसर पीके साहू ने भी काम किया है.