बच्चों पर पड़ रही ठंड की मार, अभी तक स्वेटर नहीं दे पाई योगी सरकार

UP के सभी जिलों के सरकारी स्कूलों में छात्रों के लिए स्वेटर वितरण कार्यक्रम की डेडलाइन पूरी हो चुकी है. 30 नवंबर तक सभी छात्रों को स्वेटर दिया जाना था, लेकिन कई स्कूलों में अभी तक बच्चों को स्वेटर नहीं मिल पाए हैं.

बच्चों पर पड़ रही ठंड की मार, अभी तक स्वेटर नहीं दे पाई योगी सरकार
डेडलाइन निकलने के बावजूद प्रदेश के कई स्कूलों में अभी तक बच्चों को स्वेटर नहीं मिल पाए हैं.

ललितपुर: उत्तरप्रदेश (Uttar Pradesh) के सभी जिलों के सरकारी स्कूलों में स्वेटर वितरण कार्यक्रम की डेडलाइन पूरी हो चुकी है. 30 नवंबर तक सभी स्कूली छात्रों को स्वेटर दिया जाना था. लेकिन, डेडलाइन निकलने के बावजूद प्रदेश के कई स्कूलों में अभी तक बच्चों को स्वेटर नहीं मिल पाए हैं. ललितपुर (Lalitpur) और सीतापुर (Sitapur) के कुछ स्कूलों में जब हमारी टीम पहुंची तो बच्चे सर्दी के मौसम में बिना स्वेटर दिखाई दिए.

ललितपुर जिले में अभी तक सभी स्कूली छात्रों को स्वेटर नहीं मिल पाया है. जिले के सरकारी स्कूलों में 1 लाख 74 हजार छात्र हैं. जहां अब तक 70 प्रतिशत छात्र-छात्राओं तक ही स्वेटर पहुंच पाया है. BJP से सदर विधायक राम रतन कुशवाहा के अनुसार जिला प्रशासन व शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ-साथ वो खुद भी स्कूलों में पहुंचकर स्वेटर वितरण कार्यक्रम करवा रहे हैं. जिससे की सभी सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं तक सर्दी से बचने के लिये स्वेटर मिल जायें. उनके अनुसार जिले में स्वेटर वितरण कार्यक्रम 29 नवम्बर से शुरू हो पाया था. जिसका कारण टेंडर प्रक्रिया में देरी होना बताया गया. लेकिन, अब जिले में 2-3 दिनों के अंदर सभी सरकारी स्कूलों के छात्र-छात्राओं तक स्वेटर पहुंच जाएगा.

दरअसल, योगी सरकार ने सभी सरकारी स्कूलों में बच्चों को 30 नवंबर तक स्वेटर दिए जाने का आदेश जारी किया था. लेकिन, सीतापुर में भी कई स्कूली छात्र ठंड के मौसम में बिना स्वेटर के नजर आए. जिसके बाद जब प्राथमिक विद्यालय रसूलपुर का रियलिटी चेक किया गया तो बच्चों ने बताया कि अभी तक स्वेटर नहीं मिले हैं. बच्चों का कहना था कि मैम ने बताया कि जब स्वेटर आएंगे तब मिलेंगे. बच्चों ने बताया कि वो ज्यादा ठंड होने पर क्लास के बाहर धूप में बैठकर पढ़ाई करते हैं. उधर प्राथमिक विद्यालय कनवा खेड़ा में भी सरकार के आदेशों का पालन नहीं हुआ है. यहां भी बच्चे बगैर स्वेटर दिखाई दिए.

स्वेटर न दिए जाने की वजह जब प्राथमिक विद्यालय कनवा खेड़ा की प्रधानाध्यापिका से पूछी गई, तो उन्होंने बताया कि अभी तक हमारे स्कूल में स्वेटर नहीं दिए गए हैं. जिससे हम लोग बच्चों को स्वेटर का वितरण नहीं कर पाए हैं. उधर अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही स्वेटर मिल जाएंगे.
जौनपुर (Jaunpur) में भी स्वेटर वितरण को लेकर कुछ यही हाल है. बताया जा रहा है कि स्वेटर जिला मुख्यालय पर आ चुके हैं, लेकिन अभी स्कूलों तक नहीं पहुंच सके हैं. उधर बरेली (Bareilly) के सरकारी स्कूलों में भी सभी बच्चों को अभी तक स्वेटर मुहैया नहीं कराया गया है. बच्चे ठंड में ठिठुर रहे हैं और अधिकारी अगले कुछ दिनों में स्वेटर बांटे जाने का दावा कर रहे हैं. लेकिन बड़ा सवाल यही जब डेडलाइन 30 नवंबर थी तो अब तक क्यों बच्चों तक स्वेटर नहीं पहुंच पाई.