बुंदेलखंड के इस युवक ने चीन में बजा दिया है योग का डंका, चलाता है 9 योग सेंटर

बुंदेलखंड के ललितपुर जिले के बिरधा विकास खंड के बरखेड़ा ग्राम में एक गरीब परिवार में जन्मे सोहन सिंह यादव की शुरूआती शिक्षा गांव के ही स्कूल में हुई. 

बुंदेलखंड के इस युवक ने चीन में बजा दिया है योग का डंका, चलाता है 9 योग सेंटर
देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ़ करते हुए सोहन कहते हैं कि अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर योग की एक अलग पहचान दिलाने में पीएम मोदी द्वारा शुरू कराया गया अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का एक बड़ा हाथ है.

अमित सोनी/ललितपुर: बुंदेलखंड के एक गरीब परिवार से निकला लड़का आज दुनिया में योग के चलते अपने नाम का डंका बजा रहा है. बुंदेलखंड के ललितपुर जिले के एक छोटे से गांव में जन्मे सोहन सिंह यादव का शायद आज से पहले आपने कभी नाम भी नहीं सुना होगा. लेकिन, सोहन सिंह योग गुरु के रूप में चीन में अपना बड़ा नाम बना चुके हैं. जिले के बरखेड़ा ग्राम के एक गरीब परिवार में जन्मे सोहन सिंह यादव द्वारा चीन के अलग-अलग शहरों में आज 9 योग केंद्र संचालित किये जा रहे हैं. सालों बाद ललितपुर लौटे सोहन सिंह ने जी मीडिया से बुंदेलखंड टू चाइना तक के सफर को लेकर ख़ास बातचीत की और अपने अनुभव को साझा किए.

बुंदेलखंड के ललितपुर जिले के बिरधा विकास खंड के बरखेड़ा ग्राम में एक गरीब परिवार में जन्मे सोहन सिंह यादव की शुरूआती शिक्षा गांव के ही स्कूल में हुई. आगे की पढ़ाई उन्होंने जिला मुख्यालय से की. सोहन सिंह को बचपन से ही अपनी मां की वजह से योग की तरफ काफी झुकाव था. उन्होंने योग की शुरुआती शिक्षा अपनी मां से ली. बाद में जब वह सागर यूनिवर्सिटी में बीएससी की पढ़ाई करने पहुंचे तो, उन्होंने एक शिक्षक द्वारा योग की पूर्ण जानकारी दी गयी. जिसके बाद योग उनके जीवन का अंग बन गया, योग के साथ साथ कंप्यूटर साइंस की पढ़ाई करने के बाद वह थाईलैंड में कंप्यूटर प्रोफ़ेसर की नौकरी करने गये.

जहां से चीन पहुंचे, चीन में कंप्यूटर क्षेत्र में नौकरी करने के दौरान उन्होंने योग को भी सुचारु रखा. लेकिन, जब चीन में उन्होंने भारत के योग को लेकर लोगों में काफी जागरूकता और उसके लिए क्रेज देखा तो, उन्होंने योग को लोगों के लिए सीखना शुरू किया. आज सोहन सिंह योग के करीब 9 केंद्र चीन के विभिन्न शहरो में चला रहे हैं. साथ ही कई देशों में लगातार योग कैम्प लगाकर लोगों को योग की जानकारियां दे रहे हैं. चीन सरकार द्वारा उन्हें योग गुरु के रूप में कई सम्मान भी मिल चुके हैं. 

देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ़ करते हुए सोहन कहते हैं कि अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर योग की एक अलग पहचान दिलाने में पीएम मोदी द्वारा शुरू कराया गया अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का एक बड़ा हाथ है. जिसकी वजह से योग आज अन्य देशों में एक पैशन के रूप में आ गया है. सोहन सिंह का कहना है कि वह जल्द ही भारत में भी 30 योग केन्द्रों को खोलने की योजना बना रहे हैं. जिसमे सबसे पहले जम्मू कश्मीर और लद्दाख में शुरू करेंगे. जहां वह योग की पूर्ण रूप से मुफ्त शिक्षा देने का कार्य करेंगे.