UP Weather Update: उत्तर प्रदेश से मानसून की रवानगी से ठीक पहले मौसम का रुख एक बार फिर बदल गया है. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, 17 सितंबर को प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बादलों की आवाजाही के साथ हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक की स्थिति बनी रहेगी. अगर आप घर से बाहर निकलने की प्लानिंग कर रहे हैं तो आपको पहले मौसम अपडेट जरूर देख लेना चाहिए जानिए आपके शहर में मौसम का मिजाज कैसा रहने वाला है?
1/6UP Weather Alert: उत्तर प्रदेश में मानसून की विदाई से पहले मौसम का मिजाज एक बार फिर बदलता नजर आ रहा है. 17 सितंबर को प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है. मौसम विभाग ने पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ इलाकों में बारिश का पूर्वानुमान जताया है. वहीं, पूर्वांचल और तराई के कई जिलों में आकाशीय बिजली और मेघगर्जन को लेकर लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है. नोएडा में सुबह-सुबह तेज हवाएं चलीं.
2/6मौसम विभाग के मुताबिक 17 सितंबर को प्रदेश में मौसम का मिजाज मिला-जुला रह सकता है. पश्चिमी यूपी के कुछ स्थानों पर हल्की बारिश के साथ गरज-चमक वाली बौछारें पड़ सकती हैं. वहीं पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी कई जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश होने के आसार हैं. हालांकि, प्रदेश के कुछ अन्य हिस्सों में मौसम सामान्य रहने की संभावना है.
3/6पूर्वी यूपी, अवध और तराई क्षेत्र के कई जिलों में बारिश के साथ बिजली चमकने और गरजने की संभावना जताई गई है.
4/6वाराणसी, प्रयागराज, जौनपुर, गाजीपुर, आजमगढ़, मऊ, बलिया, देवरिया, गोरखपुर, कुशीनगर, महाराजगंज, बस्ती, संत कबीर नगर, सिद्धार्थ नगर, मिर्जापुर, सोनभद्र, चंदौली और भदोही.
5/6अयोध्या, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, गोंडा, बाराबंकी, रायबरेली, अमेठी, सुल्तानपुर, अंबेडकर नगर, बांदा, चित्रकूट, कौशाम्बी, फतेहपुर और प्रतापगढ़।
6/6बारिश और वज्रपात के दौरान मौसम विभाग ने लोगों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है.बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान या ऊंचे स्थानों पर खड़े होने से बचें. पेड़ों के नीचे भी शरण न लें.बिजली गिरने की आशंका के दौरान इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को सुरक्षित रूप से बंद कर दें और संभव हो तो प्लग निकाल दें. बारिश और तेज गरज-चमक के बीच वाहन चलाते समय विशेष सावधानी बरतें. मानसून की विदाई से पहले मौसम में हो रहे इस बदलाव के बीच खासकर बारिश और वज्रपात की संभावना वाले जिलों में लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है.