#IndiaKaDNA- पहले की सरकारों ने कौशल विकास पर ध्‍यान नहीं दिया: महेंद्रनाथ पांडे

ZEE NEWS के #IndiaKaDNA कांक्‍लेव में केंद्रीय कौशल विकास मंत्री महेंद्रनाथ पांडे ने कहा कि मोदी सरकार ने 2014 में कौशल विकास मंत्रालय के गठन के बाद पिछले पांच-छह वर्षों में पूरे देश के गांवों और शहरों में कौशल विकास के संदर्भ में एक वातावरण बना है.

 #IndiaKaDNA- पहले की सरकारों ने कौशल विकास पर ध्‍यान नहीं दिया: महेंद्रनाथ पांडे

नई दिल्‍ली: ZEE NEWS के #IndiaKaDNA कांक्‍लेव में केंद्रीय कौशल विकास मंत्री महेंद्रनाथ पांडे ने कहा कि मोदी सरकार ने 2014 में कौशल विकास मंत्रालय के गठन के बाद पिछले पांच-छह वर्षों में पूरे देश के गांवों और शहरों में कौशल विकास के संदर्भ में एक वातावरण बना है. पहले की सरकारों ने कौशल विकास पर ध्‍यान नहीं दिया. मोदी सरकार में शहर से गांव तक कौशल विकास को बढ़ावा मिला. अयोध्‍या केस पर उन्‍होंने कहा कि इसका फैसला पूरी दुनिया के लिए महत्‍वपूर्ण होगा. यूपी की राजनीति पर कहा कि पहले वहां अपराधियों को संरक्षण मिलता था लेकिन यूपी में योगी सरकार के आने के बाद अपराध पर लगाम लगा है. अब अपराधियों को संरक्षण नहीं मिलता.

लोकसभा चुनाव में सपा-बसपा की दोस्‍ती पर उन्‍होंने कहा कि ये दल नए भारत और उसकी सोच को नहीं पढ़ पाए. जातीय समीकरण बिठाकर अब चुनावी नहीं जीता जा सकता. इसके साथ ही कहा कि 370 को लेकर कांग्रेस में विरोधाभास है. कांग्रेस हमेशा दुविधा में रहती है. राष्‍ट्रवाद कोई पाप नहीं है. राष्‍ट्र की बात ताकत देती है. यूपी में कांग्रेस की स्थिति पर कहा कि जहां-जहां प्रियंका गांधी ने प्रचार किया, वहां कांग्रेस की जमानत जब्‍त हो गई.

प्रकाश जावड़ेकर
केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर (prakash javadekar) ने कहा कि  ZEE NEWS के #IndiaKaDNA कॉनक्लेव में कहा कि , 'देश का विपक्ष किस दिशा में जा रहा है कोई नहीं जानता.' प्रकाश जावड़ेकर ने कहा, 'हमने कभी यह नहीं कहा कि विपक्ष का कोई एमएलए या एमपी नहीं रहना चाहिए. लोकतंत्र में सत्ताधारी पार्टी और विपक्ष दोनों की भूमिका है.' महाराष्ट्र में सरकार गठन को लेकर बीजेपी (BJP) और शिवसेना (shiv sena) के बीच जारी रस्साकशी पर प्रकाश जावड़ेकर ने कहा कि महाराष्ट्र बीजेपी-शिवसेना की ही सरकार बनेगी और देवेंद्र फडणवीस ही मुख्यमंत्री बनेंगे. उन्होंने कहा कि शिवसेना के साथ हमारी दोस्ती खत्म नहीं हुई है. उन्होंने कहा, 'सत्ताधारी दल की योजनाओं के बारे में विपक्ष कुछ कहना चाहता है तो चर्चा करे लेकिन चर्चा से भागे नहीं.'  लोकतंत्र का फायदा इसमें ही है कि सत्ता और विपक्ष अपने-अपने हिसाब से आगे बढ़े. सरकार अच्छा करे तो विपक्ष  उसका समर्थन करे और अगर सरकार गलत करे तो विपक्ष उसकी आलोचना करे .' 

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दुष्‍यंत चौटाला
हरियाणा विधानसभा चुनाव (Haryana Assembly Elections 2019) में नवगठित जेजेपी के शानदार प्रदर्शन पर ZEE NEWS के IndiaKaDNA कांक्‍लेव में इसके नेता दुष्‍यंत चौटाला ने कहा कि तीन महीने की मेहनत से हरियाणा में 10 सीटें जीतकर दिखाई. चुनाव के बाद भाजपा से गठबंधन कर सत्‍ता में आने के बाद उपमुख्‍यमंत्री बने दुष्‍यंत चौटाला ने कहा कि हमने हरियाणा के हितों के लिए भाजपा से गठबंधन किया.

चौधरी देवीलाल की विरासत के संदर्भ में उन्‍होंने कहा कि विरासत कोई बही-खाता नहीं है, हम जनता के आशीर्वाद से जीते. ये विरासत दुष्‍यंत को नहीं सौंपी गई थी, अजय चौटाला को सौंपी गई है. हरियाणा के कुछ सियासी गैंग हमको बदनाम कर रहे हैं. महाराष्‍ट्र में भाजपा और शिवसेना के बीच सत्‍ता को लेकर मचे संग्राम के मद्देनजर संजय राउत ने कहा कि शिवसेना में किसी दुष्‍यंत के पिता जेल में नहीं है. इस पर टिप्‍पणी करते हुए दुष्‍यंत चौटाला ने कहा कि चलो इससे पता चलता है कि इसी बहाने संजय राउत को मेरा नाम तो पता चल गया. हो सकता है कि इससे पहले उनको पता नहीं हो कि मैं लोकसभा सदस्‍य भी रहा हूं. जेल में बंद पिता के कारण बीजेपी से डील के संदर्भ में उन्‍होंने कहा कि मेरे पिता की सजा 2020 में पूरी हो रही है. उनको फरलो मिलने पर भी सवाल उठाए गए जबकि ये कानूनी प्रक्रिया का हिस्‍सा है.

केंद्रीय मंत्री वीके सिंह
इससे पहले 31 अक्‍टूबर को जम्‍मू-कश्‍मीर के दो केंद्रशासित प्रदेशों जम्‍मू-कश्‍मीर और लद्दाख में विभाजित होने की पृष्‍ठभूमि में ZEE NEWS के #IndiaKaDNA कांक्‍लेव में जनरल (रिटायर्ड) वीके सिंह ने अपना एक किस्‍सा सुनाते हुए कहा कि जब मैं पहली बार कश्‍मीर गया तब 10 साल का था. कश्‍मीर में लोग पूछते थे कि क्‍या इंडिया से आए हो? इस संबंध में जब पिता से पूछा तो उन्‍होंने बताया कि दरअसल आर्टिकल 370 लागू होने के कारण यहां के लोगों में इस तरह की एक भावना पैदा हो गई है. इस संदर्भ में उन्‍होंने कहा कि आर्टिकल 370 का खत्‍म होना बेहद जरूरी है.

इस आर्टिकल की वजह से कश्‍मीर के लोग अपने आप को भारत से नहीं जोड़ते थे. अब इस आर्टिकल के हटने के मसले पर उन्‍होंने कहा कि कोई देशप्रेमी 370 का विरोध नहीं करेगा. कुछ लोग केवल अपनी पार्टी का स्‍वार्थ देखते हैं. पाकिस्‍तान के लिए कश्‍मीर बड़ा मुद्दा है. कश्‍मीर में रायशुमारी के संदर्भ में एक किस्‍सा सुनाते हुए केंद्रीय मंत्री वीके सिंह ने कहा कि एक बार पंडित नेहरू ने शेख अब्‍दुल्‍ला के सामने इस शब्‍द का जिक्र किया तो उन्‍होंने कहा कि कश्‍मीर तो भारत का हिस्‍सा है और हम इसके जनप्रतिनिध हैं. ऐसे में यदि हम कह रहे हैं कि हम भारत के बाशिंदे हैं तो रायशुमारी की कोई जरूरत नहीं है. लेकिन इसके बावजूद पंडित नेहरू ने श्रीनगर के लाल चौक में अपने भाषण में इसका जिक्र किया. जब वे ऐसा कर रहे थे तो शेख अब्‍दुल्‍ला ने पीछे से उनकी अचकन को पकड़ा लेकिन नेहरू नहीं रुके. उसके बाद संयुक्‍त राष्‍ट्र में भी इसका जिक्र कर दिया. वीके सिंह ने कहा कि इस तरह की गलतियों की वजह से ही 70 साल तक आर्टिकल 370 नाम की अस्‍थाई व्‍यवस्‍था बदस्‍तूर जारी रही और कश्‍मीर समस्‍या का समाधान नहीं निकल पाया.