उत्तरप्रदेश में गाय सफारी बनाने की तैयारी, योगी सरकार में मंत्री ने रखा प्रस्ताव

मंत्री ने अपने विभाग के अधिकारियों से कहा है कि वे उन जमीनों की पहचान करें, जहां आवारा पशुओं को खुलेआम घूमने की अनुमति दी जा सकती है. 

उत्तरप्रदेश में गाय सफारी बनाने की तैयारी, योगी सरकार में मंत्री ने रखा प्रस्ताव
आवारा पशुओं के खतरे से निपटने के लिए प्रदेश में गाय सफारी शुरू करने का प्रस्ताव है.

लखनऊ: उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) में गाय सफारी तैयार करने की योजना है. इसके लिए बकायदा प्रदेश के डेयरी विकास मंत्री लक्ष्मी नारायण चौधरी ने प्रस्ताव भी तैयार कर लिया है. दरअसल, आवारा पशुओं के खतरे से निपटने के लिए प्रदेश में गाय सफारी शुरू करने का प्रस्ताव है. मंत्री ने अपने विभाग के अधिकारियों से कहा है कि वे उन जमीनों की पहचान करें, जहां आवारा पशुओं को खुलेआम घूमने की अनुमति दी जा सकती है. बता दें कि सफारी के तौर पर विकसित होने वाली जगहों पर जानवरों को रखा जाता है, लेकिन बांधा नहीं जाता. 

मंत्री लक्ष्मी नारायण चौधरी जल्द ही इस प्रस्ताव को सीएम योगी आदित्यनाथ के सामने रख सकते हैं. जहां बैठक में इस प्रस्ताव पर विस्तार से चर्चा होगी.

 

उधर, यूपी गौ सेवा आयोग भी आवारा गायों की समस्या से निजात दिलाने की तैयारी कर चुका है. विभाग ने एक प्लान तैयार किया है, जिससे उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले वक्त में प्रदेश के किसानों को आवारा पशुओं से होने वाला नुकसान नहीं होगा और ना ही आवारा पशुओं की वजह से रोड एक्सीडेंट के आकंड़े बढ़ेंगे. दरअसल, देखा गया है कि दूध देने में असमर्थ गायों को ग्रामीण और किसान सड़कों पर खुला छोड़ देते हैं. जिनकी वजह से सड़कों पर एक्सीडेंट होते हैं. वहीं ग्रामीण इलाकों में खेतों में यही पशु फसल खराब कर देते हैं.

ऐसे में अब इन पशुओं को पालने वालों को यूपी गौ सेवा आयोग रोजगार देगा. यूपी गौ सेवा आयोग इन गायों का गौमूत्र और गोबर लेकर उससे कई तरह के उत्पाद बनाकर बाजार में बेचेगा. फिलहाल इसकी शुरुआत भी हो चुकी है. जिस में गोबर और गौमूत्र से मच्छर मारने वाले कॉइल, रूम फ्रेशनर, गमला, अगरबत्ती, मूर्ति जैसे करीब 30 से ऊपर उत्पाद बनने भी लगे हैं. विभाग ने उम्मीद जताई है कि ऐसा करने से जहां एक तरफ आवारा पशुओं पर लगाम लगेगी, तो वहीं दूसरी तरफ गौ सेवा आयोग और गौ पालकों को भी इसका आर्थिक लाभ होगा.