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Noida News: भारत में हाई-स्पीड रेल नेटवर्क को विस्तार देने की दिशा में केंद्र सरकार ने एक और बड़ा कदम बढ़ाया है. रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि प्रधानमंत्री के विजन के अनुरूप प्रस्तावित बुलेट ट्रेन दिल्ली से लखनऊ, वाराणसी, पटना होते हुए सिलीगुड़ी तक संचालित की जाएगी. यह परियोजना उत्तर प्रदेश सहित पूरे उत्तर भारत की परिवहन व्यवस्था और आर्थिक विकास को नई गति देने वाली साबित होगी.
दिल्ली-लखनऊ की दूरी अब महज 2 घंटे 10 मिनट
रेल मंत्री के अनुसार, बुलेट ट्रेन शुरू होने के बाद दिल्ली से लखनऊ की यात्रा केवल 2 घंटे 10 मिनट में पूरी हो सकेगी. वहीं, जेवर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से लखनऊ तक का सफर लगभग 1 घंटा 40 मिनट का रह जाएगा. वर्तमान में यही दूरी वंदे भारत और शताब्दी जैसी ट्रेनों से तय करने में करीब साढ़े छह घंटे लगते हैं.
350 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ेगी ट्रेन
दिल्ली-वाराणसी-पटना-सिलीगुड़ी हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर के तहत तैयार की जा रही इस बुलेट ट्रेन की अधिकतम गति 350 किलोमीटर प्रति घंटा होगी, जबकि नियमित परिचालन 320 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से किया जाएगा. यह कॉरिडोर देश के सबसे आधुनिक रेल नेटवर्क में शामिल होगा.
उत्तर प्रदेश के कई बड़े शहर होंगे सीधे जुड़े
प्रस्तावित रूट दिल्ली के सराय काले खां/हजरत निजामुद्दीन से शुरू होकर नोएडा, जेवर एयरपोर्ट, मथुरा, आगरा, इटावा, कन्नौज, लखनऊ, रायबरेली, प्रतापगढ़, प्रयागराज, भदोही और वाराणसी तक पहुंचेगा. इसके अलावा लखनऊ से अयोध्या के लिए लगभग 124 किलोमीटर लंबी अलग हाई-स्पीड शाखा लाइन प्रस्तावित है, जिससे दोनों शहरों के बीच यात्रा का समय घटकर करीब 35 से 40 मिनट रह जाएगा.
लखनऊ स्टेशन के लिए कई विकल्पों पर मंथन
राजधानी लखनऊ में बुलेट ट्रेन स्टेशन के निर्माण के लिए किसान पथ एक्सप्रेसवे, वृंदावन योजना, इकाना स्टेडियम और गोमती रिवरफ्रंट क्षेत्र सहित चार संभावित स्थानों पर विचार किया जा रहा है. अंतिम चयन के बाद विस्तृत निर्माण प्रक्रिया आगे बढ़ेगी.
विकास और निवेश को मिलेगा नया इंजन
विशेषज्ञों का मानना है कि हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर के शुरू होने से उत्तर प्रदेश और दिल्ली-एनसीआर के बीच व्यापार, पर्यटन, औद्योगिक निवेश और रियल एस्टेट क्षेत्र को बड़ा प्रोत्साहन मिलेगा. साथ ही तेज, सुरक्षित और आधुनिक यात्रा सुविधा से लाखों यात्रियों को समय की उल्लेखनीय बचत होगी, जिससे प्रदेश के विकास को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है.