69 हजार शिक्षक भर्ती मामले में गरमाई सियासत, कांग्रेस ने बताया व्यापम से बड़ा घोटाला

आराधना मिश्रा ने कहा कि इस घोटाले में एक ऐसे व्यक्ति का नाम भी सामने आया है जिसका लिंक व्यापम घोटाले में भी है. ये व्यापम से भी बड़ा घोटाला है.

69 हजार शिक्षक भर्ती मामले में गरमाई सियासत, कांग्रेस ने बताया व्यापम से बड़ा घोटाला
सांकेतिक तस्वीर.

लखनऊ: 69,000 सहायक शिक्षक भर्ती को लेकर उत्तर प्रदेश में सियासी पारा गरमाया हुआ है. कांग्रेस ने एक बार फिर सरकार की नीति और नीयत पर सवाल उठाए हैं. कांग्रेस ने मामले की न्यायिक जांच की मांग करते हुए आरोप लगाया है कि ये मध्य प्रदेश में व्यावसायिक परीक्षा मंडल (व्यापम) के तहत हुए शिक्षक भर्ती से बड़ा घोटाला है.

कांग्रेस ने की न्यायिक जांच की मांग
प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए कांग्रेस नेता आराधना मिश्रा ने कहा कि 69 हजार शिक्षक भर्ती में प्रतियोगी छात्र-छात्राओं के साथ बहुत नाइंसाफी हुई है. सरकार नौजवानों को रोजगार नहीं देना चाहती इसीलिए भर्ती प्रक्रिया में शुरुआत से ही गड़बड़ी की गई. कांग्रेस नेता आराधना मिश्रा ने कहा कि हमने लगातार इस मसले पर सरकार को सचेत किया था, विधानसभा में भी सवाल उठाया, लेकिन सरकार ने अहंकार में कार्रवाई नहीं की. 69 हजार भर्ती में जो टॉपर है उसे देश के राष्ट्रपति का नाम तक नहीं पता. ऐसे में इस महा घोटाले की न्यायिक जांच माननीय उच्च न्यायालय या फिर सर्वोच्च न्यायालय के जज की निगरानी में कराई जाए.

अब फर्जी शिक्षक वेतन महाघोटाला आया सामने
आराधना मिश्रा ने कहा कि इस घोटाले में एक ऐसे व्यक्ति का नाम भी सामने आया है जिसका लिंक व्यापम घोटाले में भी है. ये व्यापम से भी बड़ा घोटाला है. सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि शिक्षा विभाग डकैतों का गिरोह चल रहा है और इस गिरोह को सत्ता का संरक्षण हासिल है. 69 हजार शिक्षकों की भर्ती में हुए घोटाला के बाद अब शिक्षा विभाग में फर्जी शिक्षक वेतन महाघोटाला सामने आ गया है. उन्होंने बताया आज श्रावस्ती में 6 फर्जी शिक्षक सामने आये हैं जो वेतन ले रहे थे. ललितपुर से भी 12 फर्जी शिक्षकों का नाम सामने आया है.

अनामिका शुक्ला से मांफी मांग सीएम: कांग्रेस
अनामिका शुक्ला मामले को लेकर उन्होंने पूछा कि आखिर एक नाम पर कैसे दो दर्जन से भी ज्यादा जगहों से वेतन लिया जा रहा था. 9 जून को अनामिका शुक्ला को खुद सामने आना पड़ा और बताया कि उन्होंने कभी नौकरी नहीं की है. वहीं, कांग्रेस नेता वीरेंद्र चौधरी ने कहा कि शिक्षा विभाग में चल रही खुली लूट और डकैती ने साधारण सी एक महिला को शिकार बनाया. इस महा घोटाले का शिकार हुई गोंडा की अनामिका शुक्ला से मुख्यमंत्री सार्वजनिक तौर पर माफी मांगे.