लोकसभा चुनाव 2019: SBSP तीन सीटों पर महागठबंधन को और एक सीट पर कांग्रेस को देगी समर्थन

ओम प्रकाश राजभर ने घोषणा की कि जिन सीटों पर उनके दल के उम्मीदवारों का नामांकन पत्र खारिज हो गया है, उन सीटों पर वह एसपी-बीएसपी गठबंधन और कांग्रेस उम्मीदवारों का समर्थन करेंगे.

लोकसभा चुनाव 2019: SBSP तीन सीटों पर महागठबंधन को और एक सीट पर कांग्रेस को देगी समर्थन
सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर (फाइल फोटो)

बलिया (उप्र): सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर ने मंगलवार को घोषणा की कि जिन सीटों पर उनके दल के उम्मीदवारों का नामांकन पत्र खारिज हो गया है, उन सीटों पर वह एसपी-बीएसपी गठबंधन और कांग्रेस उम्मीदवारों का समर्थन करेंगे.

पार्टी की पूर्वी उत्तरप्रदेश में अच्छी पकड़ मानी जाती है और वह 35 सीटों पर चुनाव मैदान में है. महाराजगंज, बांसगांव, संतकबीरनगर और मिर्जापुर में पार्टी के उम्मीदवारों के नामांकन खारिज हो गए. इसके बाद पार्टी ने महाराजगंज, बांसगांव और संतकबीरनगर में सपा- बसपा महागठबंधन को और मिर्जापुर में कांग्रेस को समर्थन देने का ऐलान किया है.

'बीजेपी 200 से कम सीटों पर जीतेगी'
साथ ही उन्होंने दावा किया कि लोकसभा चुनाव में बीजेपी 200 से कम सीटों पर सिमट कर रह जाएगी और देश का अगला प्रधानमंत्री दलित होगा .  राजभर ने दावा किया, 'बीजेपी लोकसभा चुनाव में 200 से कम सीट जीत पायेगी तथा देश का अगला प्रधानमंत्री दलित होगा .' 

यह पूछे जाने पर कि क्या बीएसपी सुप्रीमो मायावती प्रधानमंत्री बन सकती हैं, उन्होंने कहा कि जब गुजरात का मुख्यमंत्री बनकर नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री बन सकते हैं तो मायावती देश के सबसे बड़े सूबे की चार बार मुख्यमंत्री रही हैं, वह क्यों नहीं बन सकतीं . राजभर ने कहा कि दलित प्रधानमंत्री का कोई विरोध नहीं करेगा.

'मैंने बीजेपी से 1 सीट मांगी थी और उन्होंने मना कर दिया' 
उन्होंने कहा,‘मैंने बीजेपी से सिर्फ एक सीट की मांग की थी और उन्होंने मना कर दिया. इसलिए मेरे पास कोई विकल्प नहीं बचा था.’ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला करते हुए उन्होंने कहा कि मोदी हताश व निराश हो गए हैं तथा हताशा व निराशा में ही कभी स्वयं को गरीब तो कभी पिछड़ा और कभी चौकीदार बता रहे हैं . उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव में कांग्रेस दूसरे नम्बर पर होगी. 

सुभासपा ने 2017 विधानसभा चुनाव में सात सीटों पर जीत हासिल की थी. बीजेपी के साथ गठबंधन कर उसने कुल 14 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे थे.