उत्तराखंड में भारी बारिश के बाद बंद किए गए स्कूल

राज्य की राजधानी और नैनीताल, चमोली, रुद्रप्रयाग, पौड़ी, चंपावत और उधमसिंह नगर जिलों में एहतियात कदम उठाए गए हैं. 

उत्तराखंड में भारी बारिश के बाद बंद किए गए स्कूल
भारी बारिश के चलते पहाड़ी क्षेत्रों में 200 से अधिक संपर्क मार्गो पर यातायात प्रभावित हुआ है.

नई दिल्ली/देहरादून: उत्तराखंड में आगामी सोमवार तक भारी बारिश होने के पूर्वानुमान के साथ शनिवार को ज्यादातर हिस्सों में बारिश के चलते देहरादून, पौड़ी, टिहरी और हरिद्वार में स्कूल बंद कर दिए गए हैं. एक अधिकारी ने बताया कि छात्रों और शिक्षकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कक्षा 12 तक के सभी स्कूल बंद कर दिए गए हैं. यहां राज्य की राजधानी और नैनीताल, चमोली, रुद्रप्रयाग, पौड़ी, चंपावत और उधमसिंह नगर जिलों में एहतियात कदम उठाए गए हैं. 

राज्य और राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन निकाय एसडीआरएफ और एनडीआरएफ को हाई अलर्ट पर रखा गया है. क्षेत्रीय मौसम कार्यालय ने अपने पूर्वानुमान में कहा है कि पहाड़ी राज्य में तीन सितंबर तक भारी से लेकर बहुत ज्यादा भारी बारिश हो सकती है. 

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बद्रीनाथ, केदारनाथ और यमुनोत्री राजमार्गों से भूस्खलन की सूचना मिली है और ट्रेकर्स को सुरक्षित स्थानों पर रहने के लिए कहा गया है. भारी बारिश के चलते पहाड़ी क्षेत्रों में 200 से अधिक संपर्क मार्गो पर यातायात प्रभावित हुआ है. 

हरिद्वार में गंगा नदी उफान पर है और खतरे के निशान के करीब बह रही है. जिले के अधिकारियों ने हरिपुरकलान, गाजीवाली और कांगड़ी में रहने वाले लोगों से सुरक्षित स्थानों पर जाने के लिए कहा है. श्रीनगर बैराज से अतिरिक्त जल छोड़े जाने के कारण शुक्रवार देर शाम को गंगा का 292.80 मीटर पर पहुंच जाने से हरिपुरकलान के निचले इलाकों में पानी घुस गया. खतरे का निशान 294 मीटर है. 

हरिद्वार जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी मीरा कंटुरा ने कहा, "हम इस पर करीबी नजर रख रहे हैं." इस मानसून में गंगा पहली बार खतरे के निशान के करीब बह रही है.