दशहरे के दिन मायावती के पूर्व बंगले में शिफ्ट हो सकते हैं शिवपाल

शिवपाल यादव ने राज्य संपत्ति विभाग को पत्र लिखकर पांच बार विधायक होने के नाते बंगला 6 का आवास देने की मांग की थी.

दशहरे के दिन मायावती के पूर्व बंगले में शिफ्ट हो सकते हैं शिवपाल
इसको लेकर बंगले में तैयारियां जोरों पर हैं.

नई दिल्ली/लखनऊ: समाजवादी सेक्युलर मोर्चा के अध्यक्ष शिवपाल यादव को बंगला मिल गया है. खास बात ये है की राज्य संपत्ति विभाग ने जिस बंगले को शिवपाल के लिए अलॉट किया है. वो कभी बीएसपी सुप्रीमो मायावती का बंगला हुआ करता था. दरअसल, शिवपाल यादव ने राज्य संपत्ति विभाग को पत्र लिखकर पांच बार विधायक होने के नाते बंगला 6 का आवास देने की मांग की थी. बंगला 6 लाल बहादुर शास्त्री मार्ग पर बना है और मायावती कभी भी स्थायी रूप से इस बंगले में नहीं रहीं थीं. आपको बता दें कि विजयादशमी के दिन शिवपाल बंगले में शिफ्ट हो सकते हैं, वहीं इसको लेकर बंगले में तैयारियां जोरों पर हैं. 

सालों से लाल बहादुर शास्त्री मार्ग बंगला नंबर-6 में बीएसपी सुप्रीमो मायावती का सरकारी बंगला हुआ करता था. इसी साल मई माह में उन्होंने इसकी चाबियां राज्य सम्पत्ति अधिकारी को स्पीड पोस्ट के जरिए भेजी थी. मायावती के निजी सचिव मेवालाल गौतम द्वारा प्रेस नोट में कहा गया था, 'सर्वोच्च न्यायाल के आदेश का पालन करते हुए उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने 29 मई को लालबहादुर शास्त्री मार्ग स्थित बंगला नंबर 6 खाली कर दिया है . यह बंगला उन्हें पूर्व मुख्यमंत्री की हैसियत से आवंटित किया गया था.’  

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बंगला नंबर-6 काफी सुर्खियों में रहा था, क्योंकि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद बहुजन समाज पार्टी का एक प्रतिनिधि मंडल मुख्यमंत्री आदित्यनाथ से मिला था और दावा किया था कि जिस बंगले को खाली करने को कहा जा रहा है वो 2011 में काशीराम स्मारक के नाम पर बदल दिया गया था और मायावती के पास उस बंगले में केवल दो कमरे है. कोर्ट के आदेश के बाद जब मायावती को बंगला खाली करने का नोटिस दिया गया था, उसके बाद बीएसपी ने 21 मई को सरकारी बंगले के बाहर 'श्री काशीराम जी यादगार विश्राम स्थल'का बोर्ड लगा दिया था. उल्लेखनीय है कि बीते सात मई को उच्चतम न्यायालय ने आदेश दिया था कि उत्तर प्रदेश में पूर्व मुख्यमंत्रियों को अब सरकारी बंगले खाली करने होंगे.