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संभल: शुभम ने किया 'लाइन फॉलोइंग रोबोट' का अविष्कार, Robot ट्रेन हादसे रोकने सक्षम

शुभम सक्सेना ने 'लाइन फॉलोइंग रोबोट' का आविष्कार किया, शुभम की नई खोज 'लाइन फॉलोइंग रोबोट' से ट्रेन हादसों को रोकने में मदद मिलेगी. इस रोबोट से देश के महत्वपूर्व इमारतों और सरकारी संस्थानों की अचूक निगरानी भी हो सकेगी.

संभल: शुभम ने किया 'लाइन फॉलोइंग रोबोट' का अविष्कार, Robot ट्रेन हादसे रोकने सक्षम
शुभम सक्सेना ने 'लाइन फॉलोइंग रोबोट' का आविष्कार किया

संभल: उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के संभल (Sambhal) जिले के रहने वाले शुभम सक्सेना ने 'लाइन फॉलोइंग रोबोट' का आविष्कार किया, शुभम की नई खोज 'लाइन फॉलोइंग रोबोट' से ट्रेन हादसों को रोकने में मदद मिलेगी. इस रोबोट से देश के महत्वपूर्व इमारतों और सरकारी संस्थानों की अचूक निगरानी भी हो सकेगी. उत्तर रेलवे (Nothern Railway) के रेल प्रशिक्षण संस्थान के प्रिंसिपल ने 'लाइन फॉलोइंग रोबोट' का परीक्षण किया और शुभम की तारीफ की. शुभम अब रेलवे प्रशिक्षण संस्थान के प्रिंसिपल पुष्पराज सिंह की मदद से अपने इस रोबोट को रेलवे की जरूरतों के अनुसार हाईटेक करने में लगे हुए हैं.

शुभम ने ज़ी न्यूज से बातचीत में कहा कि अगर कहीं पर ट्रेन के डिरेल यानी पटरी से उतरने की आशंका हो तो रोबोट में लगे सेंसर की वजह से ट्रेन की रफ्तार अपने आप धीमी हो जाएगी. दरअसल ट्रेन के तेजी से चलते समय मोड़ या घुमाव पर अगर कभी रोबोट के सेंसर की वजह से अचानक ट्रेन की रफ्तार कम होती है तो ड्राइवर को रेल ट्रैक में गड़बड़ी का संकेत मिल जाएगा.

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शुभम का दावा है कि मेरा ये रोबोट बहुत कम खर्च में देश में संवेदनशील जगहों की निगरानी भी कर सकता है. इस रोबोट का इस्तेमाल करना बहुत ही आसान है. सबसे पहले जिस बिल्डिंग की निगरानी करनी हो उसके चारों तरफ एक काली पट्टी बनाएं, फिर रोबोट इसी पट्टी पर चलेगा और इसमें लगे कैमरे कंट्रोलरुम तक सारी फुटेज भेजते रहेंगे. निगरानी में इस रोबोट से निगरानी में कोई भी चूक नहीं होगी.   

आपको बता दें शुभम इसी साल 2019 की वैज्ञानिक अनुसंधान परीक्षा में ऑल इंडिया रैंक के हिसाब से 72वें स्थान पर रहे थे. इस परीक्षा में देश भर के 13 लाख छात्रों ने भाग लिया था. शुभम अब एक ऐसा रोबोट बनाना चाहते हैं, जिसकी मदद से देश के दुश्मन आतंकवादियों को मुंहतोड़ जवाब दिया जा सके.