जम्मू-कश्मीर के कॉलेजों से BEd करने वाले चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति पर रोक, आखिर क्या है वजह

जम्मू-कश्मीर के कॉलेजों से BEd करने वाले चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति पर रोक लगा दी गई है. शासन ने विधि एवं न्याय विभाग से इस संबंध में मांगी राय 

जम्मू-कश्मीर के कॉलेजों से BEd करने वाले चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति पर रोक, आखिर क्या है वजह
सांकेतिक तस्वीर

लखनऊ: बेसिक शिक्षा विभाग ने 69 हजार सहायक अध्यापकों की भर्ती में जम्मू-कश्मीर के कॉलेजों से बीएड करने वाले चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति रोक दी है.  शासन ने विधि एवं न्याय विभाग से इस संबंध में राय मांगी है.  इस भर्ती में सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर पहले चरण में 31,277 चयनित अभ्यर्थियों को 16 अक्तूबर को नियुक्ति पत्र वितरित किए गए थे. 

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नहीं मिलेगी नियुक्ति 

स्कूलों में नियुक्ति देने से पहले दस्तावेजों की जांच में ज्यादातर जिलों में कुछ चयनित अभ्यर्थियों के पास जम्मू-कश्मीर के कॉलेजों से प्राप्त बीएड की डिग्री मिली. संबंधित कॉलेजों को राष्ट्रीय शिक्षक परिषद (एनटीसी) से मान्यता नहीं होने से बेसिक शिक्षा अधिकारियों ने उन्हें नियुक्ति देने से इनकार कर दिया. बीएसए की ओर से इस संबंध में निदेशालय को रिपोर्ट भेजी गई है. और निदेशालय ने मामले की जानकारी शासन को दी. 

दिसंबर के पहले हफ्ते में मिलेंगे नियुक्ति पत्र 

वहीं बेसिक शिक्षा परिषद में 69 हजार सहायक शिक्षकों की भर्ती में बचे 36,590 चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति का रास्ता भी साफ हो गया है. इन अभ्यर्थियों को दिसंबर के पहले हफ्ते में नियुक्ति पत्र दे दिए जाएंगे. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ खुद परीक्षा में चयनित हुए अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र देंगे. जबकि जिलों में प्रभारी मंत्री, स्थानीय विधायक और सांसद नियुक्ति-पत्र वितरित करेंगे. 

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शिक्षामित्रों को मिलेगा एक और मौका 

सीएम योगी आदित्यनाथ ने सुप्रीम कोर्ट की ओर से राज्य सरकार के हक में फैसला सुनाए जाने के बाद खुशी जाहिर की थी. हालांकि उन्होंने उन शिक्षामित्रों को एक और मौका दिए जाने की बात कही है, जिन्हें इस बार परीक्षा में सफलता हासिल नहीं हुई है. 

सुप्रीम कोर्ट से मिली थी हरी झंडी 

करीब दो साल तक कानूनी पचड़ों में फंसी रहने के बाद सहायक शिक्षक भर्ती को बीते सप्ताह सुप्रीम कोर्ट से हरी झंडी मिल गई थी. सरकार शिक्षकों के 31,661 पद पहले ही भरी चुकी है. एसटी कैटिगरी के 1,333 पदों के लिए अभ्यर्थी नहीं मिले थे.  ऐसे में 36,206 बचे हुए पदों पर नियुक्तियां की जानी है.

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