लकड़ी चुनने के लिए जंगल गई दादी-पोती पर बाघ ने किया हमला, दोनों की मौत

दादी-पोती को सामने देखते ही उसने हमला कर दिया. दोनों की मौके पर ही मौत हो गयी.

लकड़ी चुनने के लिए जंगल गई दादी-पोती पर बाघ ने किया हमला, दोनों की मौत
इस हमले में दोनों की मौके पर ही मौत हो गई. (प्रतीकात्मक तस्वीर)

बहराइच : कतर्नियाघाट वन्यजीव विहार के जंगल में गेरूआ नदी के किनारे घने जंगल में लकड़ी बीनने गयी दादी-पोती की बाघ के हमले में मौत हो गई. बाघ संभवत: नदी में पानी पीने आया था. दादी-पोती को सामने देखते ही उसने हमला कर दिया. दोनों की मौके पर ही मौत हो गयी.

सेंचुरी के प्रभागीय वन अधिकारी जी पी सिंह ने बुधवार को बताया कि सुजौली थानांतर्गत बिशनापुर गांव से डेढ़ किलोमीटर दूर गेरूआ नदी का तट है . गांव निवासी सोहनी (55) अपनी पोती नीतू (12) के साथ मंगलवार शाम ईंधन की लकड़ी बीनने गेरूआ नदी पार कर घने जंगल के भीतर चली गई थीं.

सिंह ने बताया कि घटनास्थल पर बाघ के पैरों के निशान मिले हैं. दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है . घटना की जांच हेतु टीम गठित की गई है.