अयोध्या में श्रीराम के अस्तित्व पर सवाल उठाने वाले राक्षस के वशंज हैं: वसीम रिजवी

राम मंदिर (Ram temple) के पक्ष में अपने बयानों के लिए चर्चित रहने वाले उत्तर प्रदेश शिया संट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी (Wasim rizvi) ने एक बार फिर बाबरी मस्जिद (Babri Masjid) के पक्षकारों पर निशाना साधा है. 

अयोध्या में श्रीराम के अस्तित्व पर सवाल उठाने वाले राक्षस के वशंज हैं: वसीम रिजवी
वसीम रिजवी पहले भी अपने बयानों को लेकर सुर्खियों में रह चुके हैं.

नई दिल्ली: राम मंदिर (Ram temple) के पक्ष में अपने बयानों के लिए चर्चित रहने वाले उत्तर प्रदेश शिया संट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी (Wasim rizvi) ने एक बार फिर बाबरी मस्जिद (Babri Masjid) के पक्षकारों पर निशाना साधा है. वसीम रिजवी (Wasim rizvi) ने अपना बयान जारी कर दावा किया है कि बाबरी मस्जिद (Babri Masjid) के पक्षकारों को पाकिस्तान के आतंकी संगठनों से फंडिंग होती है. एक वीडियो जारी कर वसीम रिजवी (Wasim rizvi) ने कहा है कि पाकिस्तान के आतंकी संगठनों से जो फंड आते हैं, उसमें से बड़ा हिस्सा बाबरी मस्जिद (Babri Masjid) के पक्षकारों को भी दिया जा रहा है. इसी फंडिंग से अयोध्या केस में मुस्लिम पक्ष के वकील राजीव धवन को पैसे दिए गए हैं. इसलिए राजीव धवन वहीं बोले रहे हैं जो उनसे कहा गया है.

वसीम रिजवी (Wasim rizvi) ने कहा कि भगवान श्रीराम के अस्तित्व पर आज वही लोग सवाल उठवा रहे हैं, जिनके खुद के पूर्वज कभी राक्षस थे. इतना ही नहीं वीसम रिजवी का ये भी कहना है कि जिन राक्षसों का वध श्रीराम ने किया था उनकी ही औलादें आज भगवान श्रीराम को नकार रही हैं. रिजवी ने कहा कि अयोध्या में राम जन्मभूमि पर बनी इमारत कभी भी एक जायज मस्जिद नहीं थी, वह इमारत मुगलों का एक गुनाह थी.

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दरअसल, सुप्रीम कोर्ट में इस मसले पर सुनवाई हो रही है और बाबरी मस्जिद (Babri Masjid) के पक्षकारों के वकील राजीव धवन के कोर्ट में दिए गये तर्कों का हिंदू संगठन विरोध भी कर रहे हैं. राजीव धवन ने कोर्ट में तर्क दिया था कि मूर्तियां रख देने से मस्जिद का आस्तित्व खत्म नहीं होता और ना ही लागातार नमाज ना पढ़ने से मस्जिद के वजूद पर सावल खड़ें हो सकते हैं.

लोकसभा चुनाव में वसीम रिजवी (Wasim rizvi) ने किया था PM मोदी का समर्थन
मालूम हो कि इस साल लोकसभा चुनाव के दौरान वसीम रिजवी (Wasim rizvi) ने नरेंद्र मोदी को प्रधानमंत्री बनाने की मांग की थी. उन्होंने कहा था कि अगर साल 2019 में नरेंद्र मोदी दोबारा देश के प्रधानमंत्री नहीं बने, तो मैं अयोध्या में राम मंदिर (Ram temple) के गेट के पास जाकर आत्महत्या कर लूंगा. रिजवी ने जारी किए गए अपने बयान में कहा कि राष्ट्र हर मजहब से ऊपर होता है. 

उन्होंने कहा था कि जब भी मैं राष्ट्रहित की कोई बात करता हूं, तो कट्टरपंथी मुझे जान से मारने की धमकी देते हैं. उन्होंने कहा कि कट्टरपंथी मुझे धमकी देते हुए कहते हैं कि जाने दो मोदी सरकार को हम तुम्हें बोटी-बोटी काट देंगे.