World Heart Day 2020: म्यूजिक थेरेपी से मिलता है आराम, हार्ट मरीजों के काम की खबर

दुनिया भर में आज का दिन वर्ल्ड हार्ट डे के रूप में मनाया जा रहा है. पूरी दुनिया में बड़ी संख्या में लोगों की मौत दिल की बीमारी से हो रही है. डॉक्टरों का कहना है कि लोगों को कम से कम आधे घंटे की एक्सरसाइज करनी चाहिए, थोड़ा बाहर घूमना चाहिए लेकिन कोविड से बचने के उपाय के साथ नमक, चीनी और ट्रांस फैट वाली चीजें खाने से बचें. इससे दिल की बीमारी होने का खतरा कम होता है.

World Heart Day 2020: म्यूजिक थेरेपी से मिलता है आराम, हार्ट मरीजों के काम की खबर
सांकेतिक तस्वीर.

गाजीपुर: 29 सितंबर यानी आज दुनिया बार में 'विश्व हृदय दिवस' मनाया जा रहा है. विश्व हृदय दिवस मनाने का मकसद लोगों को हृदयरोग के बारे में जागरूक करना है. दुनिया में हृदय रोग के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है. आधुनिक लाइफ स्टाइल की वजह से 35 से 50 साल के बीच के लोग तेजी से हृदय रोग से पीड़ित हो रहे हैं. गाजीपुर सीएमओ कार्यालय के सभागार में आज इसी को लेकर एक गोष्ठी का आयोजन किया गया. गोष्ठी में सभी चिकित्सकों के द्वारा हृदय रोग पर चर्चा की. एसीएमओ के के वर्मा ने इस दौरान गीत भी गाया. 

मानसिक तनाव से बचें 

केके वर्मा ने बताया कि हृदय रोग की सबसे बड़ी वजह मानसिक तनाव है और मानसिक तनाव से बचने के में संगीत एक बहुत बड़ा माध्यम है. वहीं प्रभारी सीएमओ डाक्टर प्रगति कुमार ने बताया की गोष्ठी में लोगों को ब्लड प्रेशर और हृदय रोग के बारे में विस्तार से बताया गया ताकि आने वाली पीढियां हृदय रोग से बच सकें. उन्होंने बताया कि मधुर संगीत तनाव को कम करता है. आधुनिक पाप सांग से तो नहीं लेकिन पुराने मधुर गीत को सुनने से तनाव में जरूर कमी आ सकती है और इससे हृदय रोग से बचने में मदद मिल सकती है. 

गलत खानपान सें बचें 
डॉक्टरों का मानना है कि कोरोना महामारी समय में दिल की बीमारी लोगों को ज्यादा नुकसान पंहुचा रही है, जिसकी वजह से कोविड-19 के डर से दिल के मरीज घर में ही रहने के लिए मजबूर हैं. मरीज अपने रेगुलर चेकअप के लिए भी नहीं जा पा रहें हैं. गलत खानपान, हर वक्त तनाव में रहना और समय पर एक्सरसाइज न करने की वजह से ये बीमारी अक्सर होती है.  दुनियाभर में अलग-अलग संस्थाएं इस दिन लोगों को जागरूक करती हैं. 

रोजाना इक्सरसाइज करें 

35 से ज्यादा उम्र के युवाओं में भी इनएक्टिव लाइफस्टाइल और खाने की खराब आदतों के कारण दिल की बीमारी होने का खतरा बढ़ रहा है. पिछले 5 साल में दिल की समस्याओं से पीड़ित लोगों की संख्या में तेजी से इजाफा हुआ है. इनमें से अधिकांश 30-50 साल आयु वर्ग के पुरुष और महिलाएं हैं. लोगों के पास अपने शरीर और मन को स्वस्थ और शांत रखने के लिए समय ही नहीं है, जिस वजह से लोगों में कई तरह की बीमारियां देखने को मिल रही हैं. डॉक्टरों का कहना है कि अब लोगों को कम से कम आधे घंटे की एक्सरसाइज करनी चाहिए, थोड़ा बाहर घूमना चाहिए लेकिन कोविड से बचने के उपाय के साथ, वहीं नमक, चीनी और ट्रांस फैट वाली चीजें खाने से बचें. इससे दिल की बीमारी होने का खतरा कम होता है.

ये भी पढ़ें: World Heart Day 2020: म्यूजिक थेरेपी से मिलता है आराम, हार्ट मरीजों के काम की खबर

लॉकडाउन के दौरान तरह-तरह का पकवान खाने में लोगों का वजन भी बढ़ गया है. जो हृदय रोगियों के लिए खतरनाक हो सकता है. हृदय रोग से पीड़ित मरीजों को आने वाले महीनों में अपने हार्ट को स्वस्थ रखने के लिए सभी सावधानियों का पालन करना होगा. हृदयरोग की गंभीरता को समझते हुए उन आहारों को चुनना चाहिए, जो दिल के साथ-साथ पूरे शरीर के लिए सही हो. फास्ट फूड, जंक फूड, सिगरेट और शराब से दूरी बनाकर रखना चाहिए.

ये भी पढ़ें: हाथरस गैंगरेप: अखिलेश-प्रियंका ने योगी सरकार को घेरा, मायावती ने रखी सिर्फ एक मांग

हार्ट की बीमारी के लिए कोई विशेष उम्र नहीं होती है, लेकिन हमारी गतिहीन यानी इनएक्टिव लाइफस्टाइल के कारण हमने 22 साल के व्यक्ति में हार्ट अटैक का केस देखा है. लेकिन जो लोग कम उम्र में हार्ट अटैक का सामना करते हैं, उनमें बहुत ज्यादा रिस्क फैक्टर होते हैं. इसलिए हार्ट अटैक को रोकने का सबसे अच्छा तरीका है 45 मिनट रोज एरोबिक फिजकल एक्टिविटी, ताजा फल और सब्जियों से भरपूर डाइट और धूम्रपान से बचने सहित हेल्थी लाइफस्टाइल को अपनाएं.अगर आप हृदयरोग से पीड़ित हैं, तो यह ध्यान दीजिए कि आपके पास हृदय से जुड़ी दवाइयों का स्टॉक हो. जरूरत हो तो अतिरिक्त दवाई मंगाकर रखें. आपको यह ध्यान देने की जरूरत है कि आप दवा डॉक्टर की सलाह से लें और बिना उनकी सलाह के दवा को बंद न करें. 

WATCH LIVE TV