महाराष्ट्र के नाटक का The End कब? 5 प्वॉइंट्स में समझें दिनभर का सियासी घटनाक्रम

महाराष्ट्र में फडणवीस सरकार के खिलाफ शिवसेना, कांग्रेस और एनसीपी ने संयुक्त याचिका दायर की है जिस पर सुप्रीम कोर्ट रविवार को सुबह साढ़े 11 बजे सुनवाई करेगा. 

महाराष्ट्र के नाटक का The End कब? 5 प्वॉइंट्स में समझें दिनभर का सियासी घटनाक्रम

नई दिल्ली/मुंबई: महाराष्ट्र में आज दिन काफी राजनीति भर रहा. सुबह के वक्त राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने बीजेपी नेता देवेंद्र फडणवीस को मुख्यमंत्री पद और एनसीपी नेता अजीत पवार को उपमुख्यमंत्री पद की शपथ दिलाई. शपथ के बाद राजनीति शूरू हुई. एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार और शिवसेना के अध्यक्ष उद्धव ठाकरे ने संयुक्त प्रेस क्राफेंस की. शरद पवार ने प्रेस कॉन्फेंस में कहा कि अजित पवार के फैसले के साथ वो नहीं है और बीजेपी बहुमत साबित नहीं कर पाएगी. शरद पवार ने कहा कि इसके बाद हम तीनों पार्टियां मिलकर सरकार बनाएंगे. शाम होते-होते सियासी घटनाक्रम और तेजी से बदला. महाराष्ट्र में फडणवीस सरकार के खिलाफ शिवसेना, कांग्रेस और एनसीपी ने संयुक्त याचिका दायर की है जिस पर सुप्रीम कोर्ट रविवार को सुबह साढ़े 11 बजे सुनवाई करेगा. 

1. याचिका में राज्यपाल के उस फैसले को चुनौती दी है जिसमें राज्यपाल ने देवेंद्र फंडणवीस को सरकार बनाने का न्योता दिया गया था. तीनों पार्टियों ने 144 विधायकों के समर्थन का दावा किया है. शिवसेना ने बहुमत परीक्षण के समय को 24 घंटे या 48 घंटे करने का अनुरोध सुप्रीम कोर्ट से किया है.  

2. मुंबई के वीईवी चव्हाण में एनसीपी विधायकों की मिटिंग के बाद उन्हे एक बस मे बैठकर पवई के एक होटल में ले जाया गया है. ये सारी कवायद विधायको के टूटने के डर से की जा रही हैं. शनिवार को हुई एनसीपी की मींटिंग मे 11 विधायक नही पहुंचे है और अगर इसमे अजीत पवार को जोड़ लिया जाए तो कुल संख्या 12  होती है. एनसीपी नेता नवाब मलिका कहना है कि 6 विधायक आ रहे हैं जबकि 5 के बारे में उनके पास जानकारी नही हैं.  

3. अजित पवार के खिलाफ एनसीपी ने बड़ी कार्रवाई करते हुए उन्हें विधायक दल के नेता पद से हटा दिया है. जयंत पाटिल को एनसीपी विधायक दल का अंतरिम नेता चुना गया है. उधर, अजित पवार दिनभर घर से ही एनसीपी बैठक का हाल लेते रहे. अजित ने कहा है कि वह अपने फैसले से पीछे नहीं हटेंगे. इतना ही नहीं, उन्होंने पार्टी के वरिष्ठ नेताओं से साफ कह दिया है कि अगर पार्टी को टूटने से बचाना है तो बीजेपी को सपोर्ट करना होगा. 

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4. उद्धव ठाकरे ने मुंबई के ललित होटल में विधायकों के साथ बैठक की. बैठक में पार्टी के पूरे 56 विधायक शामिल हुए. 4 निर्दलीय विधायकों ने भी बैठक में हिस्सा लिया. उद्धव ने चुनौती देते हुए कहा कि कोई शिवसेना विधायकों को तोड़कर तो दिखाए. उन्होंने कहा कि 30 तारीख को बीजेपी को बहुमत नहीं साबित नहीं करने देंगे. 

5. कांग्रेस पार्टी के नेता बाला साहेब थोराट का कहना है कि कांग्रेस, एनसीपी और शिवसेना के सभी विधायक एकजुट हैं. विश्वास मत प्रस्ताव हम जीतेंगे. कांग्रेस के सभी विधायक एक साथ और सुरक्षित जगह पर रहेंगे. उधर, बीजेपी नेता राम कदम का कहना है कि उनकी पार्टी को आंकड़े की कोई चिंता नही है और पार्टी सदन में अपना बहुमत जरुर सिद्ध करेंगी. राम कदम ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि  विपक्ष को पास कोई और चारा बचा नहीं इसलिए आरोप लगाने का काम कर रही है. 30 दिनों तक राज्य में जिस तरह से हालात बने थे, इसलिए स्थायी सरकार की बेहद जरूरत थी.