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कर्नाटक स्पीकर ने इस वजह से निर्दलीय विधायक आर शंकर को दिया अयोग्य करार

कर्नाटक स्पीकर केआर. रमेश कुमार ने गुरुवार को कांग्रेस के दो विधायकों और एक निर्दलीय विधायक को अयोग्य करार दे दिया है.

कर्नाटक स्पीकर ने इस वजह से निर्दलीय विधायक आर शंकर को दिया अयोग्य करार
स्‍पीकर ने दल-बदल कानून के तहत कार्रवाई की है.

बेंगलुरू: कर्नाटक स्पीकर केआर. रमेश कुमार ने गुरुवार को कांग्रेस के दो विधायकों और एक निर्दलीय विधायक को अयोग्य करार दे दिया है. इन तीनों विधायकों को मौजूदा विधानसभा का कार्यकाल खत्म होने तक अयोग्य करार दिया गया है. इन विधायकों पर स्‍पीकर ने दल-बदल कानून के तहत कार्रवाई की है. 

स्पीकर का सबसे बड़ा चौंकाने वाला फैसला निर्दलीय विधायक आर. शंकर को अयोग्य करार देना है. हर कोई इसकी वजह जानना चाहता है. शुरुआत में जब यह खबर आई तो सबसे मन में यही सवाल आया कि निर्दलीय विधायक आर. शंकर को स्पीकर ने किस आधार पर अयोग्य करार दिया. बाद में यह स्पष्ट हुआ कि स्पीकर ने निर्दलीय विधायको को कांग्रेस का विधायक माना. आर. शंकर ने मंत्री बनने से पहले खुद की पार्टी का कांग्रेस में विलय कर दिया था.  

केआर रमेश के अनुसार, "ये केस जटिल है. इसलिए मैं इसमें जल्‍दबाजी नहीं करना चाहता था. मेरे सामने 17 याचिकाएं आईं. इसमें 2 अयोग्‍यता संबंधी और अन्‍य इस्‍तीफे के बारे में थीं." 

स्‍पीकर ने बताया, "विधायक आर. शंकर ने विधानसभा चुनाव निर्दलीय के तौर पर जीता था. 25 जून को उन्‍होंने अपनी पार्टी का कांग्रेस में विलय कर लिया. इस बारे में सिद्धरमैया ने अपील की थी. इसलिए उन्‍हें कांग्रेस की सीट दी गई. 8 जुलाई को शंकर नागेश ने मंत्रीपद से इस्‍तीफा दिया. इसके बाद उन्‍होंने बीजेपी को समर्थन देने का दावा किया. सिद्धरमैया ने इस बारे में स्‍पीकर यानी मेरे सामने शिकायत दर्ज कराई." 

 

स्पीकर ने कहा, "6 जुलाई को इस्तीफा देने वाले कांग्रेस के रमेश जरकेहोली और उमेश कुंमतेहल्ली की इस्तीफे की मंशा गलत है. इसलिए अयोग्य करार दिया गया है. अन्य 13 बागी विधायकों पर फैसला अगले दो दिन में फैसला किया जाएगा. विवेचना के लिए समय चाहिए."

उधर, दिल्ली में आज कर्नाटक बीजेपी के प्रतिनिधि मंडल ने अमित शाह और जेपी नड्डा से मुलाकात की. हालांकि, बीजेपी केंद्रीय नेतृत्व से अब तक सरकार बनाने के दावे का निर्देश नहीं मिला है.