माओवादियों की धमकी के बावजूद वोट डालने पोलिंग बूथ पहुंच गईं 102 साल की यह अम्मा

वोट देने के साथ मतदान केंद्र के बाहर खड़े मीडियाकर्मियों से बातचीत करते हुए उन्होंने बताया कि वे आजादी के बाद से ही अपने मताधिकार का उपयोग करते आ रही हैं. 

माओवादियों की धमकी के बावजूद वोट डालने पोलिंग बूथ पहुंच गईं 102 साल की यह अम्मा

सुकमा (पवन शाह): लोकसभा चुनावों के प्रथम चरण के मतदान शुरू हो चुके हैं. जैसे-जैसे दिन ढल रहा है, मतदाताओं की संख्या बढ़ रही है. मतदाता अपने अधिकारों का प्रयोग करने के लिए भारी संख्या में घरों से बाहर निकल रहे हैं. मतदान के लिए हर वर्ग में उत्साह देखते ही बन रहा है. इसी कड़ी में दोरनापाल निवासी 102 वर्षीय महिला विस्वास ने मतदान केंद्र पहुंच कर अपने मताधिकार का प्रयोग किया. 

आजादी के बाद से ही दे रही हैं वोट
वोट देने के साथ मतदान केंद्र के बाहर खड़े मीडियाकर्मियों से बातचीत करते हुए उन्होंने बताया कि वे आजादी के बाद से ही अपने मताधिकार का उपयोग करते आ रही हैं. सुबह जैसे ही विस्वास ने मतदान केंद्र पर पहुंची, लोगों ने भारी उत्साह के साथ उनका स्वागत किया. व्हीलचेयर पर जैसे ही विस्वास ने बूथ पर एंट्री की, लोगों ने उन्हें लाइन में नहीं लगने दिया और सबसे पहले वोट देने के लिए कहा. 

माओवादियों ने दी थी वोट ना करने की धमकी
बता दें कि छत्तीसगढ़ में वोटिंग को प्रभावित करने के लिए नक्सली और माओवादी दोनों ही एड़ी-चोटी का दम लगा चुके हैं. वोटिंग से कुछ वक्त पहले माओवादियों ने लोगों को वोट न देने की धमकी दी थी और कहा था कि इसका अंजाम बुरा होगा.

वहीं, वोटिंग की शुरुआत होते ही नक्सलियों ने इसे रोकने की एक नाकाम कोशिश की. छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित नारायणपुर जिले में नक्सलियों ने मतदान दलों को नुकसान पहुंचाने बारूदी सुरंग में विस्फोट किया गया. नारायणपुर जिले के पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जिले के फरसगांव पुलिस थाना क्षेत्र के अंतर्गत नारायणपुर दंडवन मार्ग पर आज तड़के नक्सलियों ने मतदान दलों को निशाना बनाकर बारूदी सुरंग में विस्फोट किया है.