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लोकसभा के साथ विधानसभा में भी चला 'मोदी मैजिक', अरूणाचल में बीजेपी बनाएगी सरकार

पहली बार जदयू को यहां दो सीट पर जीत मिली है जबकि एक सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार को भी जीत मिली है. अरुणाचल प्रदेश में विधानसभा की कुल 60 सीटें है और यहां 11 अप्रैल को मतदान हुआ था. 

लोकसभा के साथ विधानसभा में भी चला 'मोदी मैजिक', अरूणाचल में बीजेपी बनाएगी सरकार

ईटानगर: अरुणाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव में सत्तारूढ़ भाजपा अब तक हुई मतगणना में 10 सीटों पर जीत दर्ज कर चुकी है. वहीं, तीन सीट पर वह बिना लड़े ही पहले जीत चुकी है. यानी अब तक भाजपा की झोली में 13 सीट आ चुके हैं. पहली बार जदयू को यहां दो सीट पर जीत मिली है जबकि एक सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार को भी जीत मिली है. अरुणाचल प्रदेश में विधानसभा की कुल 60 सीटें है और यहां 11 अप्रैल को मतदान हुआ था. 

किस पार्टी को मिली कितनी सीटें....

 


हालांकि, भाजपा को कालकटंग विधानसभा क्षेत्र में बड़ा झटका लगा है क्योंकि यहां से विधानसभा के अध्यक्ष तेंजिंग नोरबू थोंगडोक पहली बार चुनाव लड़ रहे जदयू के उम्मीदवार दोरजी वांग्दी खारमा से 1772 वोटों से हार चुके हैं. थोंगडोक दो बार यहां से विधायक रह चुके हैं. बामेंग सीट से भाजपा उम्मीदवार गोरुक पोरडंग ने गृह मंत्री और एनपीपी उम्मीदवार कुमार वाई को 393 वोटों से हराकर बड़ा उलटफेर किया है. 

नामसाई जिले की चौखम सीट से उप मुख्यमंत्री चौना मेइन ने कांग्रेस के अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी खुनंग क्री को 7,291 वोटों से हराया. भाजपा ने इस सीट पर अपना कब्जा बरकरार रखा है. इससे पहले इस सीट का प्रतिनिधित्व मेइन के बड़े भाई सी टी मेइन करते थे. उप मुख्यमंत्री पहले 1995 से नामसाई जिले के लेकंग से चुनाव लड़ते थे और उन्हें लगातार पांच बार जीत मिली थी. उन्हें स्थायी निवास प्रमाण पत्र मुद्दे की वजह से अपने गढ़ को छोड़ना पड़ा. इस मुद्दे पर राज्य में हिंसा की घटनाएं हुई थीं.

पोंगचाओ वक्का सीट से शिक्षा मंत्री होनचुन नगंडम ने कांग्रेस के अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी थंगकाई खुसुमचाई को 3788 मतों से हराया. नामसांग सीट से पीएचई मंत्री और भाजपा के उम्मीदवार वांगकी लोवांग ने एनपीपी उम्मीदवार नोंग्लिन बोई को 1682 मतों से हराया. लोवांग को 3,202 मत मिले जबकि बोई को 1,520 मत मिले.

कांटे का रहा मुकाबला
लिरोमोबा से भाजपा के मौजूदा विधायक न्यामार कारबाक ने तीसरी बार अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी एनपीपीपी के उम्मीदवार जरपुम गामलिन को 664 मतों से हराया. खोन्सा पूर्व सीट से भाजपा उम्मीदवार वंगलाम सविन ने एनपीपी के अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी दानहांग फुक्सा को हराया. डोइमुख से भाजपा उम्मीदवार ताना हाली तारा ने नेशनल पीपल्स पार्टी (एनपीपी) के उम्मीदवार नबाम विवेक को 2,385 मतों से हराया. ईटानगर से जनता दल यूनाइटेड के उम्मीदवार तेची कासो ने भाजपा के उम्मीदवार किपा बाबू को 302 वोट से हराया. 

2014 में सिर्फ 11 सीटों पर जीती थी बीजेपी
तवांग जिले की लुम्ला विधानसभा सीट से भाजपा के जांबे टाशी ने एनपीपी के जाम्पा थिरनलय कुनखाप को 1288 मतों से हराया. नारी कोयु विधानसभा सीट से भाजपा की विधायक केन्तो रीना ने अपनी सीट बरकरार रखी और उन्होंने कांग्रेस के टोजीर कादु को 216 मतों से हराया. बोरडुमसा-डियुम क्षेत्र से स्वतंत्र उम्मीदवार सोमलंग मौसंग ने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी जावरा मायो को 2,379 मत से हराया. भाजपा को 2014 के विधानसभा चुनाव में 11 सीटों पर जीत मिली थी.

बिहार के बाद जदयू अरूणाचल में भी देगी समर्थन
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली पार्टी जदयू ने घोषणा की कि वह अरुणाचल प्रदेश में भाजपा को पूर्ण समर्थन देगी. जदयू के महासचिव और मुख्य प्रवक्ता के सी त्यागी ने कहा, ‘‘ हम छह सीट पर चुनाव जीत चुके हैं और एक सीट पर आगे भी चल रहे हैं. यह संख्या हमें राज्य की मुख्य विपक्षी पार्टी का दर्जा देती है लेकिन हम अरुणाचल प्रदेश में भाजपा को अपना पूर्ण समर्थन देंगे. अगर हमें विपक्षी पार्टी का दर्जा भी मिलता है तो हम सहयोगात्मक विपक्ष के रूप में रहेंगे.’’