मुंबई की उत्तर पूर्व सीट पर अब भी फंसा हुआ है पेंच, इस कारण बीजेपी नहीं चुन पा रही उम्मीदवार

उत्तर पूर्व के शिव सैनिकों ने कुछ दिनो पहले खुले आम कहा था कि किरीट सोमैया को बीजेपी ने अपना उम्मीद्वार बनाया तो गठबंधन होने के बावजूद भी वह किरीट के लिए काम नहीं करेंगे. 

मुंबई की उत्तर पूर्व सीट पर अब भी फंसा हुआ है पेंच, इस कारण बीजेपी नहीं चुन पा रही उम्मीदवार
फाइल फोटो

मुंबई : मुंबई के उत्तर पूर्व सीट से बीजेपी की टिकट पर कौन 2019 का लोकसभा चुनाव लड़ेगा, इसे लेकर अब भी सस्पेंस बरकरार है. वर्तमान में इस सीट पर बीजेपी से सांसद किरीट सोमैया है. किरीट सोमैया जो कि इस सीट पर दो बार सांसद रह चुके है और जनता और रेलवे से जुड़े मुद्दे उठाने और अपने एमपी फंड का पूरा उपयोग करने के लिए जाने जाते हैं. 

पार्टी नहीं है सोमैया के नाम पर सहमत
लगातार दो बार सांसद रहने के बावजूद सोमैया के नाम पर पार्टी समहति बनाती हुई नजर नहीं आ रही है. मुंबई की दोनों सीट पर बीजेपी ने अपने उम्मीदवार के नाम का ऐलान किया. लेकिन इस सीट के लिए बीजेपी ने चुप्पी साधी है. इसकी मुख्य एक वजह यह बताई जा रही है कि बीजेपी -शिवसेना युति के पहले दोनों पार्टी की तरफ से एक दूसरे को निशाना बनाया जा रहा था. किरीट ने कई बार शिवसेना पार्टी और उनके पक्ष प्रमुख के खिलाफ अपने बयानबाजी को लेकर आक्रामक रहे 

सीएम और उद्धव ठाकरे के बीच हुई बातचीत
यह बयानबाजी शिवसेना के दिल मे खंजर की तरह वार कर गई और अब उनके टिकट के आड़े आ रही है. शिवसेना लगभग सभी सीटों पर केंडिडेट को लेकर मान गई है. यहां तक की जालना सीट को लेकर बीजेपी महाराष्ट्र प्रदेश प्रमुख रावसाहेब दानवे और मंत्री अर्जुन खोतकर के बीच मे पैदा हुए विवाद को मुख्यमत्री और उद्धव ठाकरे की मध्यस्थता मे सांल्व किया गया, लेकिन किरीट के टिकट के मद्दे पर शिवसेना ने चुप्पी साधी है. सीएम ने इस मुद्दे पर उद्धव ठाकरे से भी बात की, लेकिन बात बनती नजर नहीं आ रही है.

आडवाणी खेमे के कारण नहीं मिल रहा है टिकट
उत्तर पूर्व के शिव सैनिकों ने कुछ दिनो पहले खुले आम कहा था कि किरीट सोमैया को बीजेपी ने अपना उम्मीद्वार बनाया तो गठबंधन होने के बावजूद भी वह किरीट के लिए काम नहीं करेंगे. दूसरी वजह यह भी बताई जा रही है कि वही आ़डवाणी खेमे के है. इस सीट पर एनसीपी से संजय पाटील मैदान में हैं. संजय पाटील भी यहां से एक बार 2009 मे सांसद रह चुके है.