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मछलीपट्टनम में टीडीपी के विजयरथ को क्या इस बार रोक पाएगी वाईएसआर कांग्रेस

लोकसभा चुनाव 2019 के लिए मछलीपट्टनम में पहले चरण में मतदान 11 अप्रैल को संपन्न हुआ. मछलीपट्टनम में टीडीपी पिछले दस साल से काबिज है. टीडीपी और वाईएसआर कांग्रेस के बीच फिर से जोरदार मुकाबले के आसार हैं. टीडीपी ने इस बार अपने मौजूदा सांसद के नारायणा राव को हैट्रिक लगाने के लिए चुनावी मैदान में उतारा है. 

मछलीपट्टनम में टीडीपी के विजयरथ को क्या इस बार रोक पाएगी वाईएसआर कांग्रेस

नई दिल्ली: लोकसभा चुनाव 2019 के लिए मछलीपट्टनम में पहले चरण में मतदान 11 अप्रैल को संपन्न हुआ. मछलीपट्टनम में टीडीपी पिछले दस साल से काबिज है. टीडीपी और वाईएसआर कांग्रेस के बीच फिर से जोरदार मुकाबले के आसार हैं. टीडीपी ने इस बार अपने मौजूदा सांसद के नारायणा राव को हैट्रिक लगाने के लिए चुनावी मैदान में उतारा है. उधर, वाईएसआर कांग्रेस ने बाला सौरी पर दांव लगाया है. कांग्रेस ने गोल्लु कृष्णा जबकि बीजेपी ने गुडीवका रामान्जनेयुलू को कमल खिलाने की जिम्मेदारी सौंपी है.  
 
सीपीआई ने जीता था पहला लोकसभा चुनाव 
मछलीपट्टनम सीपीआई का गढ़ रहा है. 1952 में सीपीआई ने पहला लोकसभा चुनाव जीता लेकिन 1957 आते-आते यह हवा बदल गई और कांग्रेस ने अपना खाता खोला. हालांकि 1962 में कांग्रेस को करारा झटका लगा और मछलीपट्टनम की जनता ने निर्दलीय प्रत्याशी मंडली वेंकटस्वामी को जिताकर संसद भेजा. हालांकि 1967 में कांग्रेस ने फिर से वापसी की और छह बार लगातार जीत दर्ज की. 

1991 में टीडीपी ने पहली बार खोला खाता
मछलीपट्टनम में टीडीपी की एंट्री 1991 के लोकसभा चुनाव में. टीडीपी ने पहली बार कांग्रेस को हराकर इस सीट पर अपना कब्जा जमाया. पूरे 10 वर्ष तक यानी 1998 तक कांग्रेस इस सीट पर कब्जा बरकरार रखा. हालांकि 1998 के मध्यावधि चुनाव में टीडीपी को हार मिली लेकिन 1999 के लोकसभा चुनाव में टीडीपी ने अपनी खोई सीट पर फिर से कब्जा जमा लिया. 2009 से टीडीपी इस सीट को अपने दुर्ग में तब्दील कर चुकी है. 

 
मछलीपट्टनम में 2014 के लोकसभा चुनाव में टीडीपी और वाईएसआर के बीच जोरदार टक्कर हुई थी. 2014 में टीडीपी के के. नारायणा राव ने 81 हजार 057 वोटों के भारी अंतर से विजयश्री पाई. उन्हें 5 लाख 87 हजार 280 वोट मिले. दूसरे स्थान पर वाईएसआर कांग्रेस पार्टी केके पार्थ सारथी रहे थे जिन्होंने 5 लाख 06 हजार 223 वोट मिले. कांग्रेस पार्टी के एस. रमेश 14 हजार 111 वोट पर संतोष करना पड़ा.