लीबिया विद्रोह की पहली बरसी पर रैली

लीबिया के पूर्वी शहर बेनगाजी में सैकड़ों नागरिकों ने दिवंगत तानाशाह मुअम्मर गद्दाफी के खिलाफ विद्रोह के एक साल पूरे होने पर बुधवार को मशाल रैली निकाली गई।

बेनगाजी : लीबिया के पूर्वी शहर बेनगाजी में सैकड़ों नागरिकों ने दिवंगत तानाशाह मुअम्मर गद्दाफी के खिलाफ विद्रोह के एक साल पूरे होने पर बुधवार को मशाल रैली निकाली गई।

 

एक साल पहले 15 फरवरी को बेनगाजी से ही गद्दाफी के खिलाफ विद्रोह की शुरुआत हुई थी। ज्यादातर प्रदर्शनकारी त्रिपोली की अबू सलीम जेल में हुए कुख्यात नरसंहार में मारे गए लोगों के संबंधी थे। रैली के दौरान इन प्रदर्शनकारियों ने नए लीबियाई ध्वज के प्रतीक के तौर पर हाथों में तीन रंगों की मशालें पकड़ी हुई थीं। यह जुलूस बेनगाजी की मुख्य सड़कों से गुजरा। जल्द ही इस जुलूस में कारों और अन्य वाहनों का काफिला जुड़ गया जिनमें बेनगाजी के अन्य निवासी थे। प्रदर्शनकारी कारों के हॉर्न बजा रहे थे और क्रांतिकारी नारे लगा रहे थे।

 

पिछले साल 15 फरवरी को, वर्ष 1996 में हुए अबू सलीम नरसंहार में मारे गए लोगों के परिजनों ने अपने वकील फेथी तारबेल की रिहाई के लिए एक छोटा प्रदर्शन किया था जो 17 फरवरी को गद्दाफी विरोधी बड़े प्रदर्शन में तब्दील हो गया था। इस प्रदर्शन की चिंगारी लीबिया के अन्य शहरों में भी फैली और देखते ही देखते उत्तरी अफ्रीकी देश लीबिया में जनता तथा गद्दाफी समर्थक बलों के बीच रक्तपात होने लगा। बगावत 20 अक्तूबर को सिरते शहर में गद्दाफी के मारे जाने के बाद खत्म हुई। सिरते गद्दाफी का गृहनगर था। तारबेल अब लीबिया के खेल मंत्री हैं। (एजेंसी)